ऑनलाइन मार्केट कंपनी अमेजन इंडिया जल्द ही भारत में अपना मोबाइल वॉलेट लांच कर सकेगी। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) ने इसके लिए कंपनी को अपनी तरफ से अनुमति दे दी है। अमेजन की यह एंट्री उसे अपने प्रतिस्पर्धियों फ्लिपकार्ट की फोन-पे और अलीबाबा की सर्विस पेटीएम के मुकाबले मजबूती से खड़ा करती है। इस अमेरिकी कंपनी को भारत में तेजी से बढ़ते डिजिटल भुगतान बाजार में प्रवेश करने में मदद मिलेगी।
एमेजॉन इंडिया ने बुधवार को एक बयान में कहा, 'हम भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) से अपना पीपीआई लाइसेंस पाकर खुश हैं. हमारा ध्यान ग्राहकों को सुविधाजनक और भरोसेमंद पेमेंट अनुभव देने पर है।'
वॉलेट से कर सकेंगे ये सारे काम
अमेज़न इंडिया आपको इस सर्विस के जरिए शॉपिंग, ऑफलाइन पेमेंट्स, बस तथा रेल टिकट खरीदने व यूटिलिटी बिल भरने की सुविधा देगी। आपको बता दे कि फ्लिपकार्ट द्वारा संचालित फोन-पे सर्विस है जो यूपीआई आधारित सर्विस है, मोबाइल फोन यूजर्स को डिजिटल ट्रांजेक्शन की अनुमति देता है। कंपनी अपने इस प्रॉडक्ट को लेकर काफी गंभीर है तथा इस पर 1.4 बिलियन डॉलर का निवेश करने वाली है।
उल्लेखनीय है कि अभी तक अमेजन द्वारा क्लोज्ड मोबाइल वॉलेट अमेजन-पे का उपयोग किया जा रहा है, जिसका उपयोग उपभोक्ता केवल अमेजन पोर्टल पर ही कर सकते है। लेकिन आरबीआई के लाइसेंस के बाद अब अमेजन भी पेटीएम, मोबिक्विक जैसे अन्य वॉलेट की तरह उपयोग किया जा सकेगा।