वहीं, कुछ लोग इसे अपमान की नजर से भी जोड़कर देखते हैं। रूसी बुजुर्ग इसके पीछे एक और तर्क देते हैं कि सीटी घरों के अंदर बजाने से न सिर्फ भाग्य आपसे रूठता है, बल्कि आपकी व्यावसायिक और आर्थिक स्थिति भी कमजोर होने लगती है। फिजूलखर्च बढ़ता है और आमदनी भी कम होती है।
रूस के लोग मानते हैं कि पैसा मेहनत से कमाया जाता है, इसलिए ऐसा कोई भी काम जो उनकी मेहनत खराब करे, उसे करने से वे लोग बचते हैं। एक काम को न करने की चाहे हजार वजहें हों, लेकिन ऐसी चीजों को न करने के वहां सख्त नियम हैं, जिन्हें वे लोग न खुद करते हैं, न अपने यहां आए हुए मेहमानों को भी करने देते हैं। इसलिए कभी किसी रूसी के यहां मेहमान बनकर जाएं, तो इस बात का जरूर ध्यान रखें।