साल 1993 में रूस के अटलाई पहाड़ियों से एक ममी को निकाला गया था। डेली मेल के मुताबिक 21 साल पहले इस ममी को जो कि एक राजकुमारी की है, उसे खास जांच के लिए खोला गया।
इस खोज को 20 शताब्दी के कुछ महान पुरातात्विक खोजों में से एक माना जाता है। इसे नटाली पोलोस्मैक ने खोला था। माना जाता है कि ममी बनी हुई ये राजकुमारी अपनी मौत के वक्त 25 साल की थी और कैंसर से मृत्यु को प्राप्त हुई थी।
इसे उकोक की राजकुमारी कहा जाता था और इसके बारे में गहन अध्यसन करने के लिए ही उसकी ममी को वहां से हटाया गया। वहां रहने वालों को बड़े-बूढ़े हमेशा से ममी को उसकी जगह से हटाए जाने के विरोध में थे।
बस अब इंतजार और नहीं
वहां के लोगों का कहना है कि जब वो इस ममी में किसी जादुई शक्ति के होने की बात मानते हैं। वो कहते हैं कि जब से ममी को उसकी जगह से हटाया गया है तब से उस जगह में कई प्राकृतिक आपदांए आई हैं।
कई बार बाढ़ और भूकंप आने की वजह ममी का उस जगह से हटाया जाना ही है। लोगों ने ये भी दलील दी कि ममी को हटाए जाने के बाद से पिछले 50 सालों का सबसे भयावह बाढ़ आया जिसमें कई लोग डूब गए।
बेहतरी इसी में लोगों की मान्यता की मान और मांग को देखते हुए उसे उसी की जगह पर वापस रख दिया जाए। वैज्ञानिकों ने लोगों की बात की कोई वैज्ञानिक पुष्टि तो नहीं की पर बताया कि ये ममी वाकई अमीर लड़की की थी।
हटाई जाएगी ममी
उन्होंने सूचना दी कि राजकुमारी सिल्क में लपटी हुई थी, जो उस दौरान सोने से भी महंगा था। उसके आस-पास कई सारे आभूषण और अन्स चीजें भी मिली हैं।
वैज्ञानिकों ने रूसी सरकार के साथ मिलकर तय किया है कि इस ममी को उसी जगह पर वापस रखा जाएगा जहां से उसे निकाला गया है। इस बार इस ममी के लिए एक अलग तरह की समाधि बनाई जाएगी।
ये 2500 मीटर ऊंची होगी और इसे उकोक के पठारी इलाके में विस्तार से बनाया जाएगा।