डेटिंग ऐप्स पर मिलने-जुलने के किस्से अब आम हो चले हैं, लेकिन इन मुलाकातों के साथ ठगी की घटनाएं भी बढ़ रही हैं। हाल ही में एक युवक ने रेडिट पर अपने साथ हुई धोखाधड़ी का अनुभव साझा किया, जिसमें उसने बताया कि कैसे उसे एक लड़की ने डेट के नाम पर कैफे बुलाकर भारी भरकम बिल थमा दिया और खुद चुपचाप निकल गई। आइए जानते हैं कि युवक ने पोस्ट में क्या बताया है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ पोस्ट
पीड़ित युवक ने लिखा कि वह एक लड़की, जिसका नाम भूमि था। वह उसे डेटिंग ऐप के माध्यम से मिला था। दोनों के बीच बातचीत के बाद लड़की ने उसे कैलाश कॉलोनी, दिल्ली में स्थित ‘लोकस कैफे’ में मिलने के लिए बुलाया। जब दोनों वहां पहुंचे तो शुरुआत में युवक ने एक पिंट बीयर और कुछ स्नैक्स का ऑर्डर दिया। हालांकि, इसके बाद लड़की ने ‘येगर बम’ जैसे महंगे ड्रिंक्स मंगवाने शुरू कर दिए, जिनकी कीमत लगभग 1200 रुपये प्रति यूनिट थी। धीरे-धीरे ऑर्डर इतना बढ़ गया कि कैफे का कुल बिल 11,958 रुपये तक पहुंच गया। इस पर युवक ने लड़की से कहा कि उसके पास केवल 3000 रुपये हैं और वह चाहता है कि दोनों मिलकर बिल का भुगतान करें।
लड़की ने लड़के को लगाया चूना
लेकिन लड़की ने यह कहकर हाथ खड़े कर दिए कि उसके पास तो केवल 100 रुपये हैं। इतना कहने के बाद वह युवक को वहीं छोड़कर कैफे से बाहर चली गई। इस स्थिति में युवक ने कैफे के स्टाफ से मदद मांगी और बिल आधा करने का अनुरोध किया, लेकिन उन्होंने इनकार कर दिया और बुरे बर्ताव पर उतर आए। रेडिट पोस्ट में युवक ने यह भी बताया कि उसने ऑनर वर्षा से लड़की को रोकने और उससे पैसे मांगने को कहा, लेकिन जवाब मिला कि “वह एक लड़की है, हम उसे नहीं रोक सकते।” युवक करीब दो घंटे तक वहां बैठा रहा और इस दौरान स्टाफ ने उसके साथ काफी गलत व्यवहार किया।
लोगों ने दी ऐसी प्रतिक्रिया
हालांकि, बाद में युवक ने अपने एक दोस्त को बुलाया जिसने आकर मामले को संभाला। हालांकि, उसे अब भी 2500 रुपये का भुगतान करना पड़ा। इस पूरे अनुभव को रेडिट पर पोस्ट करने के बाद कई यूजर्स ने इस पर प्रतिक्रिया दी। एक यूजर ने कमेंट किया, “हर दिन ऐसे ही मामले पढ़ने को मिलते हैं। लगता है जिसे फंसना होता है, वह फंस कर ही रहता है, चाहे कितनी भी जागरूकता फैला लो।” दूसरे ने लिखा, “ऐसे स्कैम्स में लड़कियों का इस्तेमाल किया जाता है ताकि बार या कैफे की बिक्री बढ़ाई जा सके।” एक और यूजर ने इस बात पर हैरानी जताई कि जब बिल 12 हजार का था तो मामला केवल 2500 में कैसे सुलझ गया।