आज के समय में साइबर ठग दिन-ब-दिन नए तरीके ईजाद कर लोगों को ठगने में लगे हुए हैं। पहले जहां सिर्फ फर्जी कॉल्स या एसएमएस से धोखाधड़ी की जाती थी। अब इंटरनेट और डिजिटल पेमेंट के बढ़ते इस्तेमाल के साथ साइबर अपराधों में तेजी से इजाफा हो रहा है। अब ठग व्हाट्सएप जैसे एप्स के जरिए लोगों को अपने जाल में फंसाते हैं। वे ऐसे मैसेज भेजते हैं जिनमें किसी एप्लिकेशन को डाउनलोड करने या किसी लिंक पर क्लिक करने को कहा जाता है। जैसे ही कोई व्यक्ति उस पर क्लिक करता है, उसकी पर्सनल जानकारी से लेकर बैंक अकाउंट डिटेल्स तक स्कैमर्स के पास पहुंच जाती हैं और कुछ ही पलों में उनका खाता खाली हो जाता है। बिना किसी चेतावनी के। तो आज की इस खबर में हम आपको ऐसी ही घटना के बारे में विस्तार से बताने जा रहे हैं। आइए जानते हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
ऐसी ही एक घटना हाल ही में एक व्यक्ति के साथ हुई, जिसकी जानकारी उसके बेटे ने रेडिट पर साझा की। उसने बताया कि उसके पिताजी को व्हाट्सएप पर किसी अनजान नंबर से एक मैसेज मिला, जिसमें एक ऐप भेजी गई थी। मैसेज भेजने वाले ने दावा किया कि यह बिजली मीटर अपडेट करने के लिए जरूरी है। सबसे खौफनाक बात ये थी कि उस व्यक्ति के पास बिजली कनेक्शन से जुड़ी सारी जानकारी पहले से मौजूद थी।जैसे कनेक्शन नंबर, पता और बिजली बिल की डिटेल्स। इस वजह से युवक के पापा को भरोसा हो गया कि यह संदेश बिजली विभाग की ओर से ही भेजा गया है।
एसएमएस आया और पूरा खाता हुआ खाली
भरोसे में आकर उन्होंने ऐप को डाउनलोड कर लिया। जैसे ही ऐप इंस्टॉल हुई, फोन की स्क्रीन लॉक हो गई और उस पर लिखा आने लगा, “आपका मीटर अपडेट हो रहा है।” इससे वे घबरा गए क्योंकि फोन पूरी तरह फ्रीज हो गया था। तभी स्कैमर का कॉल आया और उसने कहा कि मीटर अपडेट प्रक्रिया पूरी करने के लिए फोनपे पर 10 रुपये की रिक्वेस्ट को स्वीकार करना होगा।
परिवार वालों ने कर दी देरी
पिताजी ने जैसे ही वह रिक्वेस्ट एक्सेप्ट की, फोन ने काम करना बंद कर दिया। बाद में घरवालों को यह समझ आया कि वह ऐप फोन को कंट्रोल कर रही थी और स्क्रीन रिकॉर्डिंग भी चालू हो चुकी थी। इसी स्क्रीन रिकॉर्डिंग के जरिए स्कैमर ने यूपीआई पिन देख लिया और कुछ ही घंटों में युवक के पिताजी के बैंक खाते से 91 हजार रुपये निकाल लिए। जब तक परिवार ने बैंक से संपर्क किया, तब तक वो रकम ठगों के खाते में ट्रांसफर हो चुकी थी।
घटना पर लोगों ने दी ऐसी प्रतिक्रियाएं
रेडिट पर जैसे ही इस घटना की जानकारी साझा की गई, लोगों की प्रतिक्रियाएं आने लगीं। एक यूजर ने लिखा, “बुजुर्ग लोगों को ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है, क्योंकि स्कैमर्स उनके भोलेपन का फायदा उठा लेते हैं।” एक और ने कहा, “कभी भी अनजान नंबर से आया हुआ कोई भी लिंक या ऐप ओपन नहीं करना चाहिए, चाहे वह कितना भी भरोसेमंद क्यों न लगे।”