सोशल मीडिया पर आए दिन अजीब-गजब वीडियो देखने को मिल जाते हैं, लेकिन इस बार जो क्लिप वायरल हो रही है, उसने लोगों की धड़कनें बढ़ा दी हैं। वीडियो में दो छोटे-छोटे बच्चे एक जिंदा सांप से ऐसे खेलते दिख रहे हैं, जैसे वह कोई खिलौना कार या रबर की रस्सी हो। देखकर ही किसी का भी दिल दहल जाए, लेकिन इन बच्चों के चेहरे पर जरा भी डर नजर नहीं आता। तो आज की इस खबर में हम आपको इसी वीडियो के बारे में विस्तार से बताने जा रहे हैं। आइए जानते हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
वीडियो की शुरुआत में नजर आता है कि बच्चे एक सांप के पास खड़े हैं। पहले तो लगता है कि शायद वे डरकर उसे दूर हटाना चाह रहे होंगे, लेकिन तभी मामला पलट जाता है। करीब 8 से 10 साल की उम्र के ये दोनों बच्चे बिल्कुल निडर होकर सांप को पकड़ने लगते हैं। एक बच्चा तो सीधे उसकी पूंछ थाम लेता है, जैसे कोई रबर ट्यूब पकड़ रहा हो। उसके बाद दोनों उसे एक खाली कोल्ड ड्रिंक की बोतल में डालने की कोशिश करने लगते हैं।
सांप के साथ खेलते दिखे बच्चे
सांप बेचारा फन उठाकर शरीर मरोड़कर खुद को छुड़ाने की पूरी कोशिश करता है, लेकिन बच्चे बिल्कुल कूल मोड में रहते हैं। उनके चेहरे पर ऐसा भाव कि मानो यह रोज का खेल हो। इस दौरान आसपास कोई बड़ा नहीं दिखता, जो स्थिति को संभाल सके। सबसे ज्यादा हैरानी की बात यह है कि बच्चे जोखिम से अनजान लगते हैं, जबकि सांप जहरीला भी हो सकता था। यह वीडियो कहां का है, किसने शूट किया और किसने बच्चों को इस हालत में छोड़ दिया। इन सब बातों की कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है। लेकिन जैसे ही यह वीडियो इंस्टाग्राम अकाउंट @imran_dk555 पर पोस्ट हुआ, इंटरनेट पर आग की तरह फैल गया। कुछ ही घंटों में हजारों व्यूज और ढेरों कमेंट आने लगे।
वीडियो पर यूजर्स ने दिए ऐसे रिएक्शंस
वीडियो पर लोगों की राय दो हिस्सों में बंट गई। कुछ लोगों ने इसे मजाक या गांव के बच्चों की बहादुरी बताकर नजरअंदाज करने की कोशिश की। लेकिन सोशल मीडिया पर ज्यादातर यूजर्स इस नजारे को देखकर भड़क उठे। बहुत से लोगों ने लिखा कि बच्चों के माता-पिता कहां हैं? कोई भी ऐसा खतरा कैसे नजरअंदाज कर सकता है? कई लोगों ने चिंता जताई कि सांप काट लेता तो बच्चों की जान पर बन सकती थी। कुछ यूजर्स तो गुस्से में आकर सीधे बच्चों के परिवार को जिम्मेदार ठहराने लगे। एक ने लिखा,“बच्चे मासूम होते हैं, उन्हें खतरे का अंदाजा नहीं होता। लेकिन बड़े लोग क्या कर रहे हैं?” वहीं दूसरे ने कहा, “ये लापरवाही नहीं, बच्चों की जिंदगी से खिलवाड़ है।”