आप इस कुत्ते के मालिकों को अव्वल दर्जे का सिरफिरा ही बोल सकते हैं। क्या कोई अपने ही पालतू कुत्ते को मौत के घाट उतारने के तरीके खोजता है?
उससे अलग होने के लिए उसकी जान लेने की कोशिश करता है? और अगर पाल ना सकें तो उसे सड़ने के लिए छोड़ सकता है? दिल दहला देने वाली ये हरकत आई है ब्रिटेन के सन्डरलैंड से जहां एक पालतू कुत्ते के मालिकों ने उसके साथ बड़ी बर्बरता की।
डेली मेल के मुताबिक 41 साल के एंथनी क्रिस्टी पिछले 13 सालों से उस कुत्ते को पाल रहा था। अब कुत्ते के इतने लंबे वक्त तक रहने से वो ऐसा परेशान हो गया था कि उसे मारने के तरीके गूगल पर तलाशने लगा।
दी पैरासिटामॉल की अत्यधिक दवाइयां
एंथनी ने एल्सी को मारने के लिए जरूरत से ज्यादा पैरासिटामॉल की गोलियां देनी शुरू कर दीं। उसे सड़ा खाना देने भी चालू कर दिया।
एंथनी को कुत्ते के मरने का बेसब्री से इंतजार था। कमजोर और मरते कुत्ते को सड़ने के लिए उसने अपने गार्डेन के नाले में डाल दिया। कुत्ते की हालत इतनी बुरी हुई कि उसका वजन गिरने लगा और शरीर पर कई जगह चमड़ी निकल गई।
कुत्ते की मौत को कुछ दिनों में निश्चित ही थी। लेकिन आप इसे कुत्ते की किस्मत कहें या भगवान की मेहरबानी पर, बर्बरता को झेलते हुए इस कुत्ते की नजर पर पड़ी एंथनी के पड़ोसी की।
किसी हाल बचाया
पड़ोसी को कुत्ते की हालत देखकर शक हुआ। गार्डेन में घूमते और शांत पड़े कुत्ते को देखकर उन्होंने पुलिस से बात की। इसके बाद जानवरों को बचाने के लिए टीम वहां पहुंची।
उन्होंने कुत्ते की हालत देखी तो देखते रह गए। उसके पैर और हड्डियों में चोटें थी, उसे चमड़ी की बीमारी हो गई थी, बाल बुरी तरह से झड़ रहे थे और उसकी आंखों से लगातार हरे रंग का पानी गिर रहा था।
पुलिस समझ गई की कुत्ते के साथ बहुत ज्यादती हुई है। जहां एक और कुत्ते को फौरन इलाज के भेजा गया वहीं एंथनी और उनकी पार्टनर क्रिस्टी एनिमल क्रूऐलिटी का केस चलाया गया।
कुत्ते को पड़ा मारना
जब कुत्ते को इलाज के लिए ले जाया गया तो डॉक्टरों ने बताया कि उसकी हालत ठीक किए जाने से परे जा चुकी है। उसे बचाया नहीं जा सकता।
वो हर जगह से इंफेक्शन का शिकार है, चोटिल है और सड़ चुका है। उसे मार डालना ही सही रास्ता है। इस नतीजे पर पहुंचते ही उस कुत्ते को मार डाला गया।
एंथनी और उसकी पार्टनर पर 10 सालों तक जानवरों को ना पालने का बैन लगा है। हांलाकि वो जेल से बच गए। दोनों को पहले भी कुत्ते पर बर्बरता दिखाए जाने के मामले पाए गए।
दोनों ही आने वाले छह महीनों में पुलिस के निरीक्षण में रहेंगे और एक तरह का करफ्यू झेलेंगे। उन्हें जुर्माना भी लगाया गया है।