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Bihar News: शव ले जाने को नहीं मिला वाहन, अस्पताल प्रशासन के खिलाफ परिजनों का हंगामा

Mon, 07 Jul 2025 03:11 PM IST
आशुतोष प्रताप सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीवान

सार

सीवान जिले के महाराजगंज अनुमंडल अस्पताल में शव वाहन की सुविधा न मिलने के कारण परिजन को अपने परिजन का शव गोद में उठाकर ऑटो से गांव ले जाना पड़ा। बाल बंगरा गांव निवासी आदम अली की पेड़ से गिरने से मौत हो गई थी
 
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सीवान में शव वाहन नहीं मिलने से नाराज हुए परिजन - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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महाराजगंज अनुमंडल अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाएं एक बार फिर विवादों में आ गई हैं। दरौंदा थाना क्षेत्र के बाल बंगरा गांव में एक व्यक्ति की मौत के बाद जब शव को घर ले जाने के लिए अस्पताल में एम्बुलेंस नहीं मिली, तो आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल परिसर में हंगामा किया और शव को गोद में उठाकर ऑटो से गांव ले जाने को मजबूर हो गए।
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घटना मंगलवार सुबह की है। बाल बंगरा गांव निवासी 55 वर्षीय आदम अली अपने घर के पास एक आम के पेड़ पर आम तोड़ने के लिए चढ़े थे। इस दौरान अचानक एक टहनी टूट गई, जिससे वे नीचे गिर पड़े और गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजन उन्हें तत्काल इलाज के लिए महाराजगंज अनुमंडल अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

मृतक के पुत्र शहाबुद्दीन अली के अनुसार, जब उन्होंने शव को गांव ले जाने के लिए एम्बुलेंस की मांग की तो अस्पताल प्रशासन ने असमर्थता जता दी। बताया गया कि अस्पताल में शव वाहन ही उपलब्ध नहीं है। इस पर परिजन भड़क गए और अस्पताल परिसर में हंगामा शुरू कर दिया।
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बिना कोई विकल्प देख परिजन शव को गोद में उठाकर अस्पताल से बाहर लाए और एक ऑटो की मदद से गांव ले गए। इस दौरान परिजनों ने अस्पताल प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया।

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स्थानीय लोगों ने भी अस्पताल की संवेदनहीनता पर नाराजगी जताई है। ग्रामीणों का कहना है कि यह पहली बार नहीं है जब शव वाहन की सुविधा नहीं मिली। प्रशासन से मांग की गई है कि अस्पताल में शव वाहन जैसी बुनियादी सुविधाएं अविलंब उपलब्ध कराई जाएं ताकि भविष्य में किसी परिवार को ऐसी कठिनाई न झेलनी पड़े। फिलहाल, अस्पताल प्रबंधन की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी गई है। लेकिन यह घटना जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े कर रही है।
 
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