Bihar Election 2020: आरएलएसपी प्रमुख और पूर्व केंद्रीय मंत्री उपेंद्र कुशवाहा ने यूपीए से नाता तोड़ लिया है। उपेंद्र कुशवाहा मायावाती की बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) और जनवादी पार्टी सोशलिस्ट के साथ मिलकर तीसरे मोर्चे का गठन करेंगे। यह मोर्चा उपेंद्र कुशवाहा के नेतृत्व में विधानसभा चुनाव लड़ेगा। गौरतलब है कि बिहार विधानसभा चुनाव की तारीखों का एलान होते ही गठबंधन को लेकर खेल शुरू हो गया है।
उपेंद्र कुशवाहा ने पटना में संवाददाता सम्मेलन का आयोजन किया था, जहां उन्होंने एलान किया कि राष्ट्रीय लोक समता पार्टी (आरएलएसपी) मायावती की बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) और जनवादी पार्टी सोशलिस्ट के साथ मिलकर बिहार विधानसभा चुनाव लड़ेंगी।
गौरतलब है कि कुशवाहा ने हाल ही में इस बात के संकेत दिए थे कि वह बिहार विधानसभा चुनाव की सभी सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेंगे। इसके अलावा उन्होंने कहा था कि तेजस्वी यादव नीतीश कुमार का मुकाबला नहीं कर सकते हैं। बता दें कि इससे पहले जीतन राम मांझी ने भी महागठबंधन से किनारा कर लिया था।
वहीं, जेडीयू और भाजपा बिहार में सीट बंटवारे को लेकर चर्चा कर रहे हैं। बताया गया है कि एनडीए के दो सबसे बड़े दलों के बीच सीट बंटवारे को लेकर चर्चा अपने अंतिम दौर में हैं। दोनों ही पार्टियां कल यानी कि 30 सितंबर को सीटों का एलान कर सकती हैं। मिली जानकारी के अनुसार, दोनों पार्टियां प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इसकी जानकारी देंगी।
वहीं, सूत्रों ने बताया है कि एनडीए के तीसरे बडे़ दल यानी कि चिराग पासवान के नेतृत्व वाली पार्टी एलजेपी की बात अभी तक नहीं बन पाई है। कल भाजपा और जेडीयू सीटों का एलान करने वाले हैं। ऐसे में एलजेपी द्वारा अंतिम निर्णय लेने के लिए आज का समय मांगा गया है। हालांकि, राजनीतिक गलियारों में इस बात को लेकर चर्चा है कि एलजेपी के एनडीए से अलग होने की संभावना नहीं है।