फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar News: सदर अस्पताल में मिले अज्ञात शव की हुई, साथ आए लोग छोड़कर हुए थे फरार

Tue, 17 Jun 2025 03:10 PM IST
आशुतोष प्रताप सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला,मधेपुरा

सार

मधेपुरा सदर अस्पताल में रविवार रात से पड़े अज्ञात शव की पहचान मंगलवार को भर्राही थाना क्षेत्र के बेतौना निवासी सुरेंद्र राम (60) के रूप में हुई। वह मजदूरी कर परिवार का पालन करते थे और एक सप्ताह से मधेपुरा में निर्माण कार्य में लगे थे।
 
विज्ञापन
शोकाकुल परिजन - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मधेपुरा सदर अस्पताल में रविवार रात को भर्ती कराए गए एक अज्ञात व्यक्ति की पहचान मंगलवार को सुरेंद्र राम (60 वर्ष) के रूप में हुई, जो भर्राही थाना क्षेत्र के बेतौना वार्ड-14 के निवासी थे। परिजनों के अनुसार सुरेंद्र राम मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते थे और पिछले एक सप्ताह से मधेपुरा पूर्वी बायपास रोड पर एक निर्माण स्थल पर कार्यरत थे।
विज्ञापन


रविवार को सुरेंद्र राम मधेपुरा में काम के सिलसिले में आए थे, लेकिन फिर घर वापस नहीं लौटे। परिजनों ने जब उनके मोबाइल पर संपर्क करने की कोशिश की, तो वह स्विच ऑफ मिला। मंगलवार सुबह उन्हें सूचना मिली कि सदर अस्पताल में एक अज्ञात शव रखा गया है, जिसके बाद वे अस्पताल पहुंचे और शव की पहचान सुरेंद्र राम के रूप में की।

सदर अस्पताल प्रशासन के मुताबिक, रविवार देर शाम कुछ लोग सुरेंद्र राम को अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराकर चले गए। डॉक्टरों ने इलाज शुरू किया लेकिन कुछ ही देर में उनकी मौत हो गई। सदर थाना के दरोगा इंद्रजीत तांती ने अस्पताल पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। सोमवार को शव को पहचान के लिए सुरक्षित रखा गया था।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: मछलियों से भरी वैन सड़क पर पलटने से मची लूट, पुलिस ने मौके से लोगों को खदेड़ा, चालक घायल
विज्ञापन


सुरेंद्र राम अपने परिवार के एकमात्र कमाऊ सदस्य थे। उनके दो पुत्र और एक पुत्री हैं, जिनमें एक बेटा पूर्णतः दिव्यांग है। उनकी मौत से परिवार पर गहरा आर्थिक संकट टूट पड़ा है। भर्राही थाने की पुलिस ने मंगलवार सुबह उनके घर जाकर घटना की जानकारी ली। सकरपुरा बेतौना पंचायत के मुखिया राजा राम कुमार भी परिजनों से मिले और घटना की निष्पक्ष जांच और आश्रित परिवार को मुआवजा देने की मांग की।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें