मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस ने इस मामले में दो संदिग्धों को हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की थी। आरोपितों ने पुलिस के सामने अपना जुर्म कबूल करते हुए उस स्थान की शिनाख्त की, जहां उन्होंने शव को ठिकाने लगाया था। उनकी निशानदेही पर ही पुलिस की टीम सासामुसा बाजार स्थित पक्के नाले के पास पहुंची। घंटों की मशक्कत के बाद पुलिस ने नाले की गंदगी के बीच से वह नरमुंड बरामद किया, जिसे देखकर इलाके में हड़कंप मच गया।
जेसीबी से अवशेषों की तलाश जारी
पुलिस केवल नरमुंड मिलने पर ही नहीं रुकी है। आशंका जताई जा रही है कि शरीर के अन्य हिस्से भी इसी नाले में दफन हो सकते हैं। इसे देखते हुए जेसीबी मशीन को मौके पर बुलाया गया है। नाले की गहराई और गाद को खंगालकर नरकंकाल के अन्य अवशेषों की तलाश की जा रही है। पुलिस की फॉरेंसिक टीम को भी साक्ष्य जुटाने के लिए लगाया गया है।
क्या है पूरा मामला?
मृतक युवक चंदन कुमार करीब दो वर्ष पूर्व घर से अचानक लापता हो गया था। परिजनों ने काफी खोजबीन की और थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट भी दर्ज कराई थी, लेकिन लंबे समय तक पुलिस के हाथ खाली रहे। अब, दो साल बाद आरोपितों की गिरफ्तारी ने इस पूरी गुत्थी को सुलझा दिया है। परिजनों का आरोप है कि चंदन की हत्या कर साक्ष्य मिटाने की नीयत से उसे नाले में फेंक दिया गया था।
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पुलिस की कार्रवाई और आगे की जांच
इस घटना के बाद से सासामुसा इलाके के लोगों में काफी आक्रोश है। स्थानीय लोग चंदन के लिए न्याय और दोषियों को जल्द से जल्द फांसी की सजा देने की मांग कर रहे हैं। फिलहाल, भारी पुलिस बल की तैनाती के बीच नाले की सफाई और सर्च ऑपरेशन जारी है।