बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री और लालू यादव की पत्नी राबड़ी देवी का कहना है कि नीतीश कुमार ने भले ही भाजपा का साथ छोड़ दिया है लेकिन वो अब भी उनके साथ मिले हुए हैं।
उन्होंने कहा कि अगर ऐसा नहीं है तो फिर वो बिहार में नरेंद्र मोदी की आगामी चुनावी रैली रोक कर दिखा दें।
बीबीसी से बातचीत में राबड़ी देवी ने कहा, ‘‘अभी कुछ ही महीने हुए हैं उन्हें भाजपा को छोड़े हुए लेकिन उन्होंने छोड़ी नहीं है। आडवाणी उनके लिए अच्छे हैं और नरेंद्र मोदी बुरे। ऐसा कैसे हो सकता है। अगर उनमें हिम्मत है तो बिहार में नरेंद्र मोदी की रैली को रोकें।’’
चारा घोटाले में सज़ा मिलने के बाद लालू यादव की लोकसभा सदस्यता खत्म होने पर राबड़ी बोलीं,‘‘सदस्यता तो ख़त्म हो गई है लेकिन मैं मानती हूं कि वो निर्दोष हैं उन्हें फंसाया गया है। वो पिछड़ों के नेता हैं इसीलिए उनके खिलाफ ये किया गया है। हम तो मानते हैं घोटाला हुआ है लेकिन घोटाला सामने लाने वाले तो लालू यादव हैं। उन्हीं को फंसा दिया गया है।’’
'छोटा है अभी बेटा'
राष्ट्रीय जनता दल के खोए दिन वापस दिलाने के लिए आगे की रणनीति पर तो राबड़ी देवी टिप्पणी नहीं कर पाईं, लेकिन तेजस्वी यादव को किसी प्रमुख के सवाल पर राबड़ी देवी ने कहा कि अभी बेटे की उम्र बहुत कम है वक्त आने पर उसे भूमिका जरूर दी जाएगी।
हालांकि वो तेजस्वी की राजनीतिक सक्रियता पर टिप्पणी करते हुए कहती हैं कि ‘‘वह राज्य के तमाम जिलों में घूम रहा है। अगले कुछ दिनों तक वो सात जिलों में रहेगा। पार्टी उनको हर जगह भेज रही है। राज्य के युवा उससे पूरी तरह जुड़ चुके हैं।’’
क्या लालू यादव की गैर मौजूदगी नीतिश कुमार की स्थिति को मजबूत करती है, इस पर राबड़ी का कहना था, "ऐसा नहीं है। ये लोग तो कह रहे थे कि लालू जी जेल जाएंगे तब कैबिनेट का विस्तार होगा तो क्यों नहीं कर रहे हैं विस्तार। किसने रोका है। बिहार की जनता नीतीश का साथ छोड़ चुकी है।"
राबड़ी ने कहा कि राजद में कोई टूट-फूट नहीं है और बिहार की जनता सब देख रही है।
वे ये भी मानती हैं कि लालू यादव के जेल जाने से पैदा हुई सहानुभूति उनके पक्ष में जाएगी और राजद का प्रदर्शन बेहतर होगा।
जब उनसे पूछा गया कि नीतीश कुमार जिस विकास का दावा कर रहे हैं उस पर वो क्या सोचती हैं तो राबड़ी ने कहा, ‘‘विकास की सच्चाई देखनी है तो बिहार आइए और नीचे उतर कर देखिए। शहर-बाज़ार का विकास तो विकास नहीं होता है। बिहार की जनता को नीतीश ने कहां बिठा दिया है वो सब देख रहे हैं। बिज़नेस वाले लोगों के साथ वो निवेश की बातें करते हैं लेकिन वो बिहार की जनता के लिए नहीं है।’’