बिहार के पूर्णिया जिले में एक सनसनीखेज घटना सामने आई है। जहां ग्रामीणों ने किशनगंज के बीपीआरओ चिरंजीव शर्मा और उनके भाई कुंदन शर्मा सहित चार लोगों की जमकर पिटाई कर दी। आक्रोशित भीड़ ने दो स्कॉर्पियो गाड़ियों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। घटना बुधवार देर रात सदर थाना क्षेत्र के हांसदा वार्ड रोड के पास हुई।
घटना कैसे हुई?
बताया जा रहा है कि अरूण यादव नामक व्यक्ति अपने घर से 500 मीटर दूर चाणक्यनगर स्थित खेत में अपने मवेशियों की रखवाली के लिए गए थे। रात करीब 9 से 9:30 बजे के बीच चार गाड़ियों में लगभग 20 लोग वहां पहुंचे। आरोप है कि इन लोगों ने अरूण यादव के साथ मारपीट की और पिस्टल की नोक पर जबरन उन्हें अपनी स्कॉर्पियो में बैठा लिया। इसके बाद वे उन्हें लेकर जाने लगे।
ग्रामीणों ने आरोपियों को घेरा
अरूण यादव की चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण सतर्क हो गए और मौके पर बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए। जब उन्होंने देखा कि अरूण यादव को जबरन गाड़ी में बैठाकर ले जाया जा रहा है, तो ग्रामीणों ने चारों तरफ से गाड़ियों को घेर लिया। मौके पर अफरातफरी मच गई। इस दौरान ग्रामीणों ने गाड़ी में बैठे बीपीआरओ चिरंजीव शर्मा, उनके भाई कुंदन शर्मा, रवि भगत और विवेक कुमार को बाहर निकाला और लाठी-डंडों से उनकी पिटाई शुरू कर दी।
गाड़ियों को भी किया क्षतिग्रस्त
ग्रामीणों का गुस्सा यहीं नहीं थमा। उन्होंने दो स्कॉर्पियो गाड़ियों को भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया। इस दौरान बाकी गाड़ियों में बैठे कुछ लोग मौका पाकर वहां से फरार हो गए। हालांकि, ग्रामीणों ने अरूण यादव को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बचाई जान
घटना की सूचना मिलते ही पूर्णिया सदर थाना की पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने किसी तरह भीड़ को नियंत्रित किया और बीपीआरओ चिरंजीव शर्मा, उनके भाई कुंदन शर्मा समेत चारों लोगों को ग्रामीणों के चंगुल से छुड़ाया। सभी को गंभीर चोटें आई थीं, जिसके बाद उन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया।
मामले में शिकायत दर्ज
इस घटना को लेकर अरूण यादव की पत्नी अर्चना देवी ने स्थानीय सदर थाने में शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बीपीआरओ चिरंजीव शर्मा, उनके भाई कुंदन शर्मा और अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ अपहरण और हत्या की नीयत से हमला करने का आरोप लगाया है। दूसरी ओर, अब तक दूसरे पक्ष की ओर से कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है।
पुलिस कर रही मामले की जांच
पूर्णिया सदर थानाध्यक्ष अजय कुमार ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मौके से तीन गाड़ियों को जब्त कर लिया है और पूरे मामले की जांच की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या सच में यह अपहरण का मामला था या फिर इसके पीछे कोई और वजह थी। फिलहाल, पुलिस सभी पक्षों से पूछताछ कर रही है और आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है।