फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

BSEB: शहर से 60 किमी दूर गांव के स्कूल में पढ़ी वर्षा इंटर में भी लाईं 476 अंक, टॉपर्स सूची में कैसे बनाई जगह?

Tue, 25 Mar 2025 05:38 PM IST
हिमांशु प्रियदर्शी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पूर्णिया

सार

Bihar Board Inter Result: वर्षा ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता और गुरुजनों को देते हुए कहा कि यह मेरे माता-पिता के आशीर्वाद और शिक्षकों के मार्गदर्शन का ही परिणाम है कि आज मैं इस मुकाम पर पहुंची हूं। पढ़ें पूरी खबर...।
विज्ञापन
विज्ञान संकाय में टॉप 5 में जगह बनाने वाली वर्षा रानी - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बिहार विद्यालय परीक्षा समिति द्वारा इंटरमीडिएट का परिणाम जारी कर दिया गया है। इसमें विज्ञान संकाय (साइंस) में पूर्णिया की वर्षा रानी ने पूरे बिहार में पांचवां स्थान प्राप्त किया है। वर्षा ने 476 अंक हासिल किए हैं और उनकी इस शानदार उपलब्धि से न सिर्फ उनके परिवार बल्कि पूरे जिले में खुशी की लहर दौड़ गई है।

विज्ञापन


यह भी पढ़ें- Bihar Board:इंटर स्टेट टॉपर प्रिया जायसवाल छोटे से स्कूल की छात्रा हैं; जानें, कैसे हासिल किया अव्वल स्थान
 
किसान की बेटी ने गांव से निकल रचा इतिहास
जानकारी के मुताबिक, वर्षा रानी पूर्णिया जिले से करीब 60 किलोमीटर दूर स्थित एक छोटे से गांव भटोत्तर की रहने वाली हैं। उनका परिवार पूरी तरह से खेती पर निर्भर है, लेकिन संसाधनों की कमी के बावजूद वर्षा ने प्लस टू श्यामा माध्यमिक उच्च विद्यालय भटोत्तर से अपनी पढ़ाई पूरी की और अपनी मेहनत और लगन के दम पर यह मुकाम हासिल किया।
विज्ञापन

 
वर्षा ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता और गुरुजनों को देते हुए कहा कि यह मेरे माता-पिता के आशीर्वाद और शिक्षकों के मार्गदर्शन का ही परिणाम है कि आज मैं इस मुकाम पर पहुंची हूं। अब मेरा अगला लक्ष्य नीट (NEET) की परीक्षा पास कर डॉक्टर बनना है, ताकि मैं समाज और जरूरतमंदों की सेवा कर सकूं।


 
मैट्रिक में बनी थीं जिला टॉपर
यह पहला मौका नहीं है जब वर्षा रानी ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। 2023 में मैट्रिक परीक्षा में भी उन्होंने पूर्णिया जिला टॉप किया था। वर्षा ने मैट्रिक परीक्षा में भी 476 अंक प्राप्त किए थे और तब भी पूरे जिले में उनकी सफलता की चर्चा हुई थी।


 
टॉपर बनने की खुद बताई कहानी
अपनी पढ़ाई और तैयारी के बारे में बताते हुए वर्षा ने कहा कि मैं रोजाना छह से सात घंटे पढ़ाई करती थी, लेकिन कोई फिक्स टाइम टेबल नहीं था। जब भी मन करता था, पढ़ाई शुरू कर देती थी और घंटों तक पढ़ती रहती थी। मैंने सिर्फ NCERT की किताबों को फॉलो किया और पूरी डेडिकेशन और निरंतरता के साथ तैयारी की। अगर कोई भी विद्यार्थी नियमित पढ़ाई करे और पूरी लगन के साथ तैयारी करे, तो उसे टॉपर बनने से कोई नहीं रोक सकता।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें- Bihar Board 12th result:मधुबनी की बेटी सृष्टि कुमारी बनीं बिहार टॉपर, कॉमर्स में पाया तीसरा स्थान
 
जिला शिक्षा पदाधिकारी ने दी बधाई
वर्षा की इस शानदार उपलब्धि पर पूर्णिया के जिला शिक्षा पदाधिकारी प्रफुल्ल कुमार मिश्रा ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि यह जिले के लिए गर्व का क्षण है कि वर्षा ने विज्ञान संकाय में पांचवां स्थान प्राप्त किया है। उनकी सफलता साबित करती है कि ग्रामीण इलाकों के छात्र भी अपनी मेहनत और लगन से बड़ी उपलब्धियां हासिल कर सकते हैं। उनकी इस सफलता से अन्य विद्यार्थियों को भी प्रेरणा मिलेगी।
 
माता-पिता ने जताई खुशी
वर्षा की इस सफलता से उनके गांव में भी जश्न का माहौल है। उनके माता-पिता बेहद खुश हैं और गर्व महसूस कर रहे हैं। उनके पिता, जो कि एक किसान हैं, ने कहा कि हमने अपनी बेटी को जितना हो सके, उतना बेहतर पढ़ाने की कोशिश की। आज उसकी मेहनत रंग लाई है। हमें पूरा विश्वास है कि वह आगे भी हमारे सपनों को साकार करेगी।

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें