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Bihar Crime: सड़े हुए बैगन को लेकर पूर्णिया में गोलियों की तड़तड़ाहट, दो युवक गंभीर; वार्ड पार्षद पर लगा आरोप

Mon, 08 Sep 2025 02:58 PM IST
शबाहत हुसैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पूर्णिया

सार

Bihar Crime News Today: सदर एसडीपीओ ने कहा कि पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि फायरिंग और रंगदारी दोनों ही मामलों में सबूतों के आधार पर सख्त कार्रवाई होगी।
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सांकेतिक - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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पूर्णिया में रविवार को एक मामूली विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। सड़े बैगन को लेकर शुरू हुई कहासुनी देखते ही देखते गोलीबारी और ईंट-पत्थरबाजी में बदल गई। इस घटना में दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए।

गोली चलाने का आरोप नगर निगम के वार्ड 36 के पार्षद विलास चौधरी और उनके समर्थकों पर लगा है। घटना की सूचना मिलते ही सदर एसडीपीओ, कटिहार मोड़ टीओपी और सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को काबू में किया। घायलों को पूर्णिया जीएमसीएच में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है।

घायल सूरज कुमार, जो खुश्कीबाग वार्ड 38 निवासी माहेश्वरी तुरी का पुत्र है और "आदि शक्ति युवा सेवा संघ" से जुड़ा है, ने बताया कि वार्ड पार्षद और उनके समर्थक खुश्कीबाग बाजार में किसानों व सब्जी विक्रेताओं से जबरन रंगदारी वसूलते हैं। संघ इसका विरोध करता रहा है। रविवार को इसी विवाद को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और गोलीबारी हो गई। गोली लगने से सूरज कुमार घायल हुआ जबकि वार्ड पार्षद का भाई वीरेंद्र चौधरी ईंट लगने से गंभीर रूप से जख्मी हो गया।

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वहीं, वीरेंद्र चौधरी का कहना है कि संघ के अध्यक्ष निकेश कुमार मेहता कुछ असामाजिक तत्वों के साथ मिलकर मार्केट में दबदबा बनाना चाहते हैं, जिसका वार्ड पार्षद विरोध कर रहे थे। इसी रंजिश में हमला हुआ। घटना की गंभीरता को देखते हुए सांसद प्रतिनिधि आदिल आरजू भी अस्पताल पहुंचे और घायलों से मिले। उन्होंने डॉक्टरों से बेहतर इलाज सुनिश्चित करने का आग्रह किया और मामले की जानकारी सांसद पप्पू यादव को दी।

सदर एसडीपीओ ने कहा कि पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि फायरिंग और रंगदारी दोनों ही मामलों में सबूतों के आधार पर सख्त कार्रवाई होगी। यह घटना एक बार फिर पूर्णिया की कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है, खासकर तब जब एक जनप्रतिनिधि पर सीधे गोलीबारी और रंगदारी जैसे गंभीर आरोप  लगे हों।

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