पूर्णिया के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में रविवार को सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव की पहल पर रोजगार मेला-2026 का आयोजन किया गया। रोजगार की उम्मीद लेकर पूर्णिया, सहरसा, कटिहार, अररिया, मधेपुरा और सुपौल समेत सीमांचल एवं कोसी क्षेत्र से 10 हजार से अधिक युवा और महिला अभ्यर्थी मेले में पहुंचे।
'एक लाख युवाओं को सीधे रोजगार से जोड़ने का लक्ष्य'
उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए सांसद पप्पू यादव ने कहा कि यह रोजगार मेला खासकर महिला अभ्यर्थियों और आर्थिक रूप से कमजोर मेधावी बेरोजगार युवाओं को अवसर देने के लिए आयोजित किया गया है। उन्होंने कहा कि पूर्णिया के युवाओं में प्रतिभा और काम करने का जज्बा है, जरूरत सिर्फ सही अवसर देने की है। मेरा संकल्प है कि हर छह महीने में पूर्णिया में रोजगार मेले का आयोजन किया जाएगा। आने वाले समय में एक लाख युवाओं को सीधे रोजगार से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है।
उन्होंने बताया कि ‘प्रणाम पूर्णिया, सलाम पूर्णिया और जोहार पूर्णिया’ अभियान के तहत अब तक 25 हजार से अधिक लोगों को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने के लिए एक करोड़ रुपये से अधिक की सहायता दी गई है। रक्षाबंधन के अवसर पर 25 परिवारों को 22 लाख रुपये की चप्पल बनाने वाली मशीनें उपलब्ध कराई गईं।
'60 से अधिक गरीब और मेधावी बच्चों को लैपटॉप दिए जाएंगे'
सांसद ने बताया कि इस मेले में 32 युवाओं का चयन खाड़ी देशों में रोजगार के लिए हुआ है, जबकि अभ्यर्थियों को अधिकतम चार लाख रुपये तक का सालाना पैकेज दिया जा रहा है। रोजगार के साथ शिक्षा और तकनीकी कौशल पर जोर देते हुए सांसद ने कहा कि आगामी महीने में 60 से अधिक गरीब और मेधावी बच्चों को लैपटॉप दिए जाएंगे। इसके अलावा लोकसभा क्षेत्र की 60 से अधिक बेटियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की निशुल्क ट्रेनिंग गूगल और IIT जैसे संस्थानों के माध्यम से दिलाई जाएगी।
पप्पू यादव ने कहा कि राहुल गांधी और प्रियंका गांधी की ‘रोजगारयुक्त भारत’ की मुहिम से प्रेरित होकर वे अपने चुनाव पूर्व वादों को धरातल पर उतार रहे हैं। उन्होंने चयनित सभी युवाओं को बधाई देते हुए ईमानदारी से काम करने की सीख दी।