Bihar: बजट सत्र के तीसरे दिन विधान सभा में तेजस्वी यादव और विधान मंडल में विपक्ष की नेता राबड़ी देवी सरकार को घेर रही थी। उन्होंने नीट छात्रा की हत्या के मामले में कहा कि यह मामला सत्ता पक्ष के किसी प्रभावशाली मंत्री या उनके बेटे से जुड़े हो सकते हैं।
नीट छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत और फिर पुलिस की खानापूर्ति की जाने वाली प्रेसवार्ता ने अब तूल पकड़ लिया है। पूर्व मुख्यमंत्री और राजद नेता राबड़ी देवी ने इस मुद्दे पर राज्य सरकार को आड़े हाथों लिया है। उन्होंने सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि इस पूरे प्रकरण में लीपापोती की जा रही है। राबड़ी देवी ने आशंका जताई है कि इस कांड के तार सत्ता पक्ष के किसी प्रभावशाली मंत्री या उनके बेटे से जुड़े हो सकते हैं।
बड़े चेहरों को बचाने की साजिश
राबड़ी देवी ने सरकार को घेरते हुए कहा कि सरकार सच को दबाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि इस मामले में किसी मंत्री या मंत्री के बेटे की संलिप्तता की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। जांच को आनन-फानन में सीबीआई के हवाले करना यह दर्शाता है कि स्थानीय स्तर पर साक्ष्यों को मिटाने और बड़े चेहरों को बचाने की साजिश रची गई है। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि आखिर सरकार को राज्य की जांच एजेंसियों पर भरोसा क्यों नहीं है? क्या इसलिए कि मामले की आंच सरकार के भीतर तक पहुँच रही है?
बजट को बताया ठगने वाला
छात्रा की मौत के साथ-साथ राबड़ी देवी ने हाल ही में पेश हुए बजट पर भी कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने बजट को पूरी तरह से दिशाहीन और निराशाजनक बताया। राबड़ी देवी ने कहा कि यह बजट बिहार की जनता को ठगने जैसा है। इसमें युवाओं, किसानों और महिलाओं के लिए कोई ठोस रोडमैप नहीं है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि सरकार विशेष राज्य के दर्जे की मांग को भूलकर केवल आंकड़ों का खेल खेल रही है, जिससे राज्य का भला होने वाला नहीं है।