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Rajya Sabha Election 2026: बिहार की पांचों सीटों पर NDA की जीत; एक पर ही थी लड़ाई, वह महागठबंधन ने ऐसे गंवाई

Mon, 16 Mar 2026 06:55 PM IST
Aditya Anand न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

Bihar Politics : बिहार विधानसभा चुनाव के चार महीने बाद हुए राज्यसभा द्विवार्षिक चुनाव में एनडीए ने जीत का परचम लहरा दिया है। पांच सीटों पर सोमवार को वोट पड़े। शाम में परिणाम की घोषणा से पहले ही एनडीए की जीत हो गई। कैसे महागठबंधन ने यह लड़ाई गंवाई?
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बिहार - फोटो : Amar Ujala Graphics
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विस्तार
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बिहार में राज्यसभा की पांचों सीट राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के उम्मीदवार जीत गए हैं। चार सीटों पर जीत तो पहले से ही तय थी। लेकिन, पांचवीं सीट पर महागठबंधन के उम्मीदवार अमरेंद्र धारी सिंह से एनडीए के उम्मीदवार शिवेश राम का मुकाबला हुआ। एनडीए के सभी 202 विधायकों ने वोट किया। लेकिन, महागठबंधन की ओर से चार विधायक (कांग्रेस के तीन और राजद के एक) विधायक विधानसभा नहीं पहुंचे। मतगणना के बाद एनडीए के सभी उम्मीदवारों की जीत की घोषणा कर दी गई। एनडीए के कार्यकर्ता जश्न मना रहे हैं। 

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जीतने वाले उम्मीदवारों में कौन कौन हैं?

  • नीतीश कुमार-जदयू
  • रामनाथ ठाकुर-जदयू
  • नितिन नवीन-भाजपा
  • शिवेश कुमार-भाजपा
  • उपेंद्र कुशवाहा-रालोमो

जानिए कहां हो गया खेला?
राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन ने 202 विधायकों के बल पर अपने पांच उम्मीवार को चुनावी मैदान में उतारा था। इसमें से चार सीट पर तो जीत पहले से तय थी। लेकिन, पांचवीं सीट पर महागठबंधन की ओर से राजद ने अमरेंद्र धारी सिंह को चुनावी मैदान में उतार दिया। इस कारण पांचवीं सीट पर एनडीए बनाम महागठबंधन मुकाबला हो गया। दोनों गठबंधन ने अपने अपने विधायकों को एकजुट करना शुरू किया। पहले तेजस्वी यादव ने विधायकों को एकजुट किया। तेजस्वी AIMIM के प्रदेश अध्यक्ष अख्तरूल ईमान की इफ्तार पार्टी में शामिल हुए। बसपा के एकमात्र विधायक सतीश यादव ने महागठबंधन को समर्थन दिया। 15 मार्च को तेजस्वी यादव ने महागठबंधन के सभी विधायकों को पटना के होटल में ठहरने को कहा। चार विधायकों को छोड़ सभी होटल में आए। 16 मार्च को कांग्रेस के तीन और राजद के एक विधायक ने मतदान प्रक्रिया में भाग ही नहीं लिया। महागठबंधन को पांचवी सीट पर जीत के लिए 41 विधायकों की जरूरत थी। AIMIM और बसपा के दम पर तो महागठबंधन ने जीत का दावा कर दिया था लेकिन अंत में चार विधायकों ने खेला कर दिया। यह लोग मतदान के लिए ही नहीं पहुंचे। इस कारण महागठबंधन को हार का सामना करना पड़ा।  

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हार के बाद राजद विधायक ने क्या कहा?
महागठबंधन की ओर से राजद विधायक कुमार सर्वजीत ने कहा कि अब तो पूरा देश जान गया कि कौन धनबल का प्रयोग करता है? भाजपा ने धनबल का प्रयोग किया है। यह छल किया गया है। यह जनता का अपमान है। महागठबंधन के चार विधायकों के नहीं पहुंचने पर कुमार सर्वजीत ने कहा कि मतदान प्रक्रिया में भाग नहीं लेने वालों विधायकों ने जनता के साथ धोखा दिया है। उनके ऊपर जिंदगी भर एक्स एमएलए का टैग लग जाएगा।



जदयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने क्या कहा?
जदयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने कहा कि पूरे बिहार में एक बड़ा मैसेज फिर से गया है। एनडीए की प्रचंड जीत है। हमारे पांचों उम्मीदवारों की शानदार जीत है। सीएम नीतीश कुमार राज्यसभा जा रहा है। सीएम नीतीश कुमार ने बिहार को बदला है। आपदा के वक्त भी उन्होंने अपना धैर्य नहीं खोया। उनके पास काफी अनुभव है। विपक्ष के आरोपों पर संजय झा ने कहा कि आज अगर हमलोग 41 वोटों का ही बंटवारा करते थे तो भी शिवेश कुमार को 38 वोट और महागठबंधन के उम्मीदवार एडी सिंह को 37 वोट मिलता। विपक्ष के सारे आरोप बेबुनियाद है। सबकुछ पारदर्शी तरीके से हुआ है। जनता के सामने सारी बातें हैं। संजय झा ने कहा कि महागठबंधन को अपने विधायकों पर भरोसा नहीं थी इसलिए सभी को होटल में रखा गया। कांग्रेस की कोई लीडरशीप नहीं है। 

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