एनडीए ने कहा कि अगर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी द्वारा दिखाई गई वोटर आईडी उनके पास है तब तो और गंभीर सवाल उठता है कि उनके नाम दो-दो जगह की मतदान सूची में कैसे आया? यह पूरी तरह ग़ैर-कानूनी कृत्य है। भाजपा ने कहा कि बोगस वोटिंग, बूथ कैप्चरिंग, बैलेट लूटना- ये राजद के मूल चरित्र का अहम हिस्सा है।
नेता प्रतिपक्ष पक्ष के दो मतदाता पहचान पत्र वाले मामले पर सियासत गरमा गई है। रविवार दोपहर भारतीय जनता पार्टी के कार्यालय में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के सभी दलों के प्रवक्ताओं ने संयुक्त रूप से प्रेस कांफ्रेंस कर तेजस्वी यादव और राष्ट्रीय जनता दल पर हमला बोला। एनडीए ने कहा कि अब तक सात घोटाले करने वाले तेजस्वी यादव के मतदाता पहचान पत्र घोटाला कर दिया। इसलिए वह मतदाता पुनरीक्षण कार्य से डर रहे थे और चुनाव आयोग का विरोध कर रहे थे। अब उनकी चोरी पकड़ी गई है। चुनाव आयोग से अपील है कि धोखा देकर दो-दो EPIC नंबर मतदाता पहचान बनाकर लोकतंत्र को धोखा देने वाले ऐसे शख्स के खिलाफ फौरन प्राथमिकी दर्ज कराए।
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जदयू ने बताया तेजस्वी ने किस उम्र में कौन सा घोटाला किया
जनता दल यूनाईटेड के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि जिस शख्स को अपनी पहचान पर भरोस नहीं, वह जनता का नेतृत्व कैसे करेगा? तेजस्वी यादव ने नाम अब तक सात घोटाले थे। अब आठवां घोटाला भी जुड़ गया है। वह है मतदाता पहचान पत्र घोटाला। चार साल की उम्र में उन्होंने नाम घोटाला किया। तरुण यादव से तेजस्वी यादव हो गए। 13 वर्ष की आयु में उन्होंने पुरस्कार घोटाला किया। 15 वर्ष की उम्र में उन्होंने क्रिकेट घोटाला किया। कहा कि विराट कोहली ने इनकी ही कप्तानी में खेला था। 23 साल की उम्र आईआरसीटीसी घोटाला किया। 26 साल में उम्र घोटाला किया। 29 साल में सैलरी घोटाला किया। 33 साल में चंदा घोटाला किया। उन्होंने बीमा कंपनियों से चंदा लिया। और, अब 36 वर्ष में EPIC घोटाला किया। मतदाता पहचान पत्र घोटाला किया। जदयू के मुख्य प्रवक्ता ने कहा कि चुनाव आयोग गंभीरता से ले इस मामले पर संज्ञान लें और तेजस्वी यादव पर प्राथमिकी दर्ज करें। वह पहले से ही 420 के आरोपी हैं। अब EPIC मामले में भी बेनकाब हो चुके हैं। इन्होंने लोकतांत्रिक मूल्यों की हत्या की है। आठ घोटाले से जुड़ा जिसका नाम हो, उस पर फौरन प्राथमिकी दर्ज हो।
फर्जी ढंग से लोगों को गुमराह करने के लिए ऐसा किया
भाजपा के वरिष्ठ नेता डॉ. अजय आलोक ने कहा कि तेजस्वी यादव ने दो-दो EPIC नंबर से अपना मतदाता पहचान पत्र बनाया। तेजस्वी जी, बिहार की जनता अब आपके खेल को समझ चुकी है। फर्जीवाड़ा, झूठ और बहानों की राजनीति यहां नहीं चलने वाली है। यह दो EPIC नंबर वाला खेल मज़ाक नहीं, बल्कि लोकतंत्र के साथ धोखा है। अब यह साफ़ हो चुका है कि फर्जीवाड़ा राजद की राजनीति की रगों में दौड़ता है। भाजपा ने कहा कि तेजस्वी यादव का जो EPIC No- RAB0456228 विधानसभा चुनाव 2020 में था वही अब 2025 में भी है। इसी पर उन्होंने पहले भी मतदान किया है। इससे पहला तथ्य ये सामने आता है कि जिस वोटर आईडी का दूसरा EPIC No.- RAB2916120 उन्होंने दिखाया वह पूर्णतया फर्जी ढंग से लोगों को गुमराह करने के लिए बनाया गया है।
इनकी मंशा देश में अराजकता पैदा करने की है
एनडीए के प्रवक्ताओं ने साफ तौर पर कहा कि सजायाफ्ता लालू यादव की परंपराओं को ही तेजस्वी यादव आगे बढ़ा रहे हैं। मतदाताओं का एक मतदाता पहचान पत्र होता है और दो पहचान पत्र रखना संज्ञान अपराध है। तंज कसते हुए प्रवक्ता ने कहा कि राहुल गांधी चुनाव आयोग पर बम गिराने की बात कर रहे थे लेकिन तेजस्वी यादव ने बिना तिथि के ही 'बम' गिरा दिए। एनडीए प्रवक्ताओं ने इंडी गठबंधन के नेताओं को निशाने पर लेते हुए कहा कि ये लोग अब न केवल संवैधानिक संस्थाओं को अपमानित कर रहे हैं बल्कि अब धमकी भी दे रहे हैं। इनकी मंशा देश में अराजकता पैदा करने की है। ऐसा कर ये लोग लोकतंत्र को शर्मसार कर रहे हैं। इस प्रेस वार्ता में भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता अजय आलोक, जदयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार, लोजपा (रामविलास) के राजेश भट्ट, हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा के श्याम सुंदर और राष्ट्रीय लोक मोर्चा के प्रवक्ता नितिन भारती और भाजपा के मीडिया प्रभारी दानिश इकबाल उपस्थित रहे।