Bihar News : सुबह रोहिणी आचार्य को यह पसंद नहीं आ रहा था कि कोई, यानी संजय यादव राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव या तेजस्वी यादव की कुर्सी पर बैठें। सोशल मीडिया के उस पोस्ट पर दिनभर ऐसा बवाल मचा कि शाम में रोहिणी ही बैकफुट पर आ गईं।
राष्ट्रीय जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव को जीवन दान देने वाली रोहिणी आचार्य एक पोस्ट शेयर किया था। वह पोस्ट उनका नहीं बल्कि किसी और का था। उस पोस्ट के द्वारा रोहिणी के निशाने पर तेजस्वी के विश्वासी थे, जिसपर लोगों ने जमकर प्रतिक्रियाएं दी। इस पोस्ट पर रोहिणी भड़कीं। उस पोस्ट पर किसी ने पक्ष में तो किसी ने विपक्ष में कमेंट लिखा। स्थिति यह हो गई कि राजद को तेजस्वी यादव की तस्वीर शेयर करनी पड़ी । फिर शाम होते-होते रोहिणी आचार्य को भी बैकफुट पर आना पड़ा। उन्होंने कुछ पंक्तियां लिखते हुए दो फोटो भी शेयर किया है।
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सोशल मीडिया पर क्या लिखा रोहिणी आचार्य ने
रोहिणी आचार्य ने सोशल मीडिया पर लिखा है कि, "वंचितों व समाज के आखिरी पायदान पर खड़े वर्ग - समूह को आगे लाना ही राष्ट्रीय जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष आदरणीय लालू यादव के सामजिक - आर्थिक न्याय के अभियान का मूल मकसद रहा है, इन तस्वीरों में समाज के इन्हीं तबके से आने वालों को आगे बैठे देखना सुखद अनुभूति है।"
रोहिणी इस वजह से वापस लौटी बैकफुट पर
सोशल मीडिया पर रोहिणी ने जब एक पोस्ट को शेयर किया, तो कई लोगों ने रोहिणी आचार्या और संजय यादव दोनों के पक्ष विपक्ष में जमकर लिखा। इस दौरान एक शख्स ने लिखा कि "दीदी ये शेयर पोस्टबिल्कुल सराहनीय नहीं है।आप ऐसा कैसे बोल सकती हैं।" आगे एक शख्स ने लिखा है कि, "क्या मैडम जी इसी तरह पार्टी चलाइयेगा?इसी सोच के कारण आज 20 साल से सत्ता से दूर है। इस सामंती सोच से हटना पड़ेगा तभी सात मिलेगी।" आगे एक शख्स ने लिखा है कि, "अब सांसद बन चुकी है सिंगापुर दीदी।" एक शख्स ने लिखा है कि, "अरे गजब बेवकूफ है ये लड़की..कुछ भी हो पर चुनाव तक रुकना चाहिए। इससे क्या मैसेज देना चाह रही है है ये लड़की ? लालू जी नाम हटा दो तुमको कोई पूछने वाला भी नहीं है, सिंगापुर बैठकर बिहार राजनीति कर रही हो।" आगे और भी कई पोस्ट हैं, जो लिखने लायक नहीं हैं। इन साड़ी प्रतिक्रियाओं का ही असर है कि रोहिणी आचार्य शाम होते-होते वापस बैकफुट पर आ गई।