रोहतास जिले के सासाराम में स्थानीय नगर थाना क्षेत्र के मोची टोला मोहल्ले में गुरुवार को दिनदहाड़े गोलीबारी हुई। हालांकि, गोलीबारी की इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। लेकिन दिनदहाड़े हुई इस घटना से इलाके में दहशत का माहौल बन गया।
बताया जाता है कि बीते वर्ष एक हत्या के मामले में चल रहे केस को लेकर दो पक्षों में अक्सर विवाद होता रहता है। लेकिन गुरुवार की शाम विवाद कुछ ज्यादा ही बढ़ गया और एक पक्ष द्वारा दूसरे पक्ष पर दबाव बनाने के उद्देश्य गोलीबारी की जाने लगी, जिससे पूरे इलाके में दहशत पैदा हो गया और लोग अपनी अपनी दुकानों को बंद कर इधर-उधर भागने लगे।
इधर, घटना की सूचना पाकर मौके पर नगर थाने की पुलिस पहुंची, जिसके बाद माहौल सामान्य हो गया। इस दौरान पुलिस ने घटना स्थल पर मौजूद स्थानीय लोगों से गोलीबारी के संबंध में पूछताछ की तथा कई वीडियो फुटेज व अन्य साक्ष्य संकलित करते हुए पूरे मामले की छानबीन में जुट गई।
वहीं, घटना के संदर्भ में पीड़ित अजीम राइन ने बताया कि बीते वर्ष छह अगस्त को सासाराम के चौक बाजार में उसके भाई अफरोज आलम उर्फ चीकू की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इसमें शाहजुमा मोहल्ला निवासी लालू एवं सोनू मुख्य आरोपी हैं। उन्होंने बताया कि केस वापस लेने के लिए अब इनके द्वारा लगातार धमकाया जा रहा है तथा आज हमारे साथ हाथापाई करते हुए 10 राउंड फायरिंग भी की गई है।
पपीता व्यवसाई की बीते वर्ष हुई थी हत्या
बता दें कि बीते वर्ष छह अगस्त को शहर के आलमगंज स्थित एक दुकान पर किसी बात को लेकर उपजे विवाद में पपीता व्यवसाई अफरोज आलम की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस घटना में दो अन्य सानू व चांद भी घायल हो गए थे। इस मामले में सोनू एवं लालू के खिलाफ मुकदमा चल रहा है तथा फिलहाल सोनू जेल से बाहर है। अब इसी मुकदमे को वापस लेने के लिए दूसरे पक्ष द्वारा अफरोज आलम के भाई अजीम राइन उर्फ चीकू पर दबाव बनाया जा रहा है।
घटना का वीडियो फुटेज आया सामने
गुरुवार की शाम पपीता व्यवसाई के साथ हुई गोलीबारी की घटना का एक वीडियो फुटेज भी सामने आया है, जिसमें दहशत फैलाने वाले कुछ असामाजिक तत्व हाथों में हथियार लेकर जाते दिखाई दे रहे हैं। इधर, घटना के इस वीडियो फुटेज को पीड़ित पक्ष द्वारा पुलिस को भी उपलब्ध करा दिया गया है। इसकी जांच कर पुलिस द्वारा आरोपियों की पहचान की जा रही है।