मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को बिहार की सत्ता से दिल्ली भेजने में भारतीय जनता पार्टी कामयाब रही। नवंबर में हुए चुनाव भले ही नीतीश कुमार के चेहरे पर एनडीए को जीत मिली थी, लेकिन अब वह चेहरा राज्यसभा जा रहा है। 2005 से 2025 तक विभिन्न परिस्थितियों में मुख्यमंत्री के रूप में नीतीश कुमार ने 10 बार शपथ ली थी। अब वह राज्यसभा के लिए नामांकन कर रहे हैं। आइए जानते हैं, कब-कब मुख्यमंत्री के रूप में नीतीश ने शपथ ली और अब आगे कौन-सा चेहरा सामने आएगा?
2000: पहली बार सिर्फ सात दिन के लिए सीएम बने नीतीश
नीतीश कुमार पहली बार 3 मार्च 2000 को मुख्यमंत्री बने थे। हालांकि, बहुमत न जुटा पाने की वजह से उन्हें 10 मार्च 2000 को पद से इस्तीफा देना पड़ा था। इसके बाद बिहार में 2005 में हुए चुनाव में नीतीश भाजपा के समर्थन से दूसरी बार मुख्यमंत्री पद पर काबिज हुए। 2010 में हुए विधानसभा चुनाव में एक बार फिर जनता ने नीतीश को ही सीएम बनाया।
2015: महागठबंधन के साथ दर्ज की जीत
2015 के विधानसभा चुनाव में महागठबंधन (जदयू, राजद, कांग्रेस और लेफ्ट गठबंधन) की एनडीए के खिलाफ जीत के बाद नीतीश कुमार एक बार फिर बिहार के मुख्यमंत्री बने। यह कुल पांचवीं बार रहा, जब नीतीश ने सीएम पद की शपथ ली।
2017: तेजस्वी पर लगे आरोप, महागठबंधन छोड़ एनडीए से जुड़े
राजद और डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव के खिलाफ लगे भ्रष्टाचार के आरोपों के बाद नीतीश कुमार ने महागठबंधन से अलग होने का फैसला किया। उन्होंने जुलाई 2017 में ही पद से इस्तीफा दिया और एक बार फिर एनडीए का दामन थाम कर सीएम पद संभाला।
2020: जदयू की कम सीटें, फिर भी बने सीएम
2020 के विधानसभा चुनाव में एनडीए गठबंधन ने जीत हासिल की। हालांकि, जदयू की सीटें भाजपा के मुकाबले काफी घट गईं। इसके बावजूद नीतीश कुमार ने सीएम पद की शपथ ली। हालांकि, भाजपा में उनके मुख्यमंत्री पद को लेकर लंबे समय तक पसोपेश की स्थिति रही। अब नीतीश ने एनडीए से अलग होने का एलान कर एक बार फिर इस्तीफा दे दिया है।
2022: महागठबंधन में लौटे, बने 8वीं बार सीएम
एनडीए से अलग होने के एलान के ठीक बाद नीतीश कुमार ने राजद के नेतृत्व वाले महागठबंधन से जुड़ने का एलान कर दिया। इसी के साथ यह तय हो गया कि नीतीश कुमार अब आठवीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। मंगलवार शाम तक शपथग्रहण के समय का एलान भी हो गया। बुधवार को उन्होंने आठवीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली।
2024: महागठबंधन का साथ छोड़कर एनडीए में गए
जनवरी 2024 में, भ्रष्टाचार की बात कह सीएम नीतीश कुमार ने महागठबंधन से नाता तोड़ दिया। महागठबंधन और खासकर तेजस्वी यादव पर गड़बड़ करने का आरोप लगााय। नीतीश कुमार ने एक बार फिर महाएनडीए में शामिल हो गए और नौंवी बार उन्होंने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली।
2025: दसवीं बार नीतीश कुमार ने ली मुख्यमंत्री पद की शपथ
नवंबर 2025, में बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए को प्रचंड जीत मिलने के बाद एक बार फिर नीतीश कुमार बिहार के मुख्यमंत्री बन गए। उन्होंने 10वीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। वह बिहार में सबसे लंबे समय तक सत्ता संभालने वाले मुख्यमंत्री भी हैं। बिहार में अभी तक किसी भी मुख्यमंत्री का कार्यकाल इतना लंबा नहीं रहा है। इस तरह वह बिहार के पहले ऐसे मुख्यमंत्री बन गए, जिन्होंने 10 बार सीएम पद की शपथ ली है। उनके नाम बिहार में सबसे लंबे समय पर सत्ता में रहने का रिकॉर्ड पहले से ही है।