फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वोट चोरी: कांग्रेस नेता पहुंचे बैलेट से वोट डालने, कोई डाल चुका था; बिहार MLC चुनाव में फिर क्या हुआ?

Fri, 23 Oct 2026 04:33 PM IST
आदित्य आनंद न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

बिहार विधान परिषद चुनाव में मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो गई लेकिन कांग्रेस के एक नेता ने चुनाव में वोट चोरी का मुद्दा उठा दिया। उन्होंने आरोप लगाया है कि उनके वोट की चोरी हो गई। कांग्रेस नेता का यह आरोप सुर्खियों में है। आइये जानते हैं पूरा मामला...
विज्ञापन
कांग्रेस नेता ने लगाया वोट चोरी का आरोप। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बिहार विधान परिषद के स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव के दौरान पटना जिला ग्रामीण कांग्रेस अध्यक्ष चंदन कुमार ने उनके नाम पर किसी अन्य व्यक्ति के मतदान करने का आरोप लगाया है। उन्होंने दावा किया कि शुक्रवार को बिक्रम प्रखंड के बूथ संख्या 11 पर जब वह वोट डालने पहुंचे तो निर्वाचन पदाधिकारी ने बताया कि उनके नाम पर पहले ही मतदान हो चुका है। इसके बाद चंदन कुमार ने विरोध जताया और फेसबुक लाइव के जरिए वोट चोरी का मुद्दा उठाया। उन्होंने इस घटना की सूचना जिलाधिकारी और अनुमंडल पदाधिकारी को दी। चंदन कुमार ने कहा कि डीएम के निर्देश पर नियम 42(2) के तहत प्रपत्र 15 भरवाया गया। इसके बाद पहले डाले गए मत को निरस्त कर उन्हें मतदान करने की अनुमति दी गई।

विज्ञापन


पटना स्नातक: नीरज कुमार के सामने अनुज सिंह, अनंत सिंह फैक्टर से बदला समीकरण
पटना स्नातक सीट इस बार सबसे अधिक चर्चा में है। जदयू ने मौजूदा विधान पार्षद नीरज कुमार को फिर मैदान में उतारा है। उनके सामने जन सुराज के अनुज सिंह हैं। राजद ने दिलीप कुमार और कांग्रेस ने असदुल्लाह खान को प्रत्याशी बनाया है। आम आदमी पार्टी ने भी हिमांशु पटेल को मैदान में उतारा है। इस सीट का राजनीतिक पेंच सिर्फ प्रत्याशियों की संख्या तक सीमित नहीं है। जदयू के मोकामा विधायक अनंत सिंह ने जन सुराज प्रत्याशी अनुज सिंह के समर्थन का रुख अपनाया है। नीरज कुमार और अनंत सिंह के बीच पुराने मतभेद को लेकर हाल में जदयू नेतृत्व को हस्तक्षेप करना पड़ा। ललन सिंह ने एक दिन पहले ही कहा था कि अनंत सिंह नीरज कुमार के समर्थन में प्रचार नहीं करेंगे, हालांकि सार्वजनिक तौर पर उनके खिलाफ भी नहीं बोलेंगे। बता दें कि पटना स्नातक में 88,111 मतदाता हैं, जो चारों स्नातक सीटों में सबसे कम है। ऐसे में यहां प्रत्याशियों के बीच वोटों का बंटवारा चुनावी गणित का महत्वपूर्ण पहलू है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें