फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar: बिहार सरकार की बड़ी पहल, 233 आर्द्रभूमियों का हेल्थ कार्ड तैयार, संरक्षण और प्रबंधन पर फोकस

Thu, 04 Sep 2025 02:03 PM IST
आशुतोष प्रताप सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

बिहार सरकार ने राज्य की 233 आर्द्रभूमियों का हेल्थ कार्ड तैयार किया है, जिसमें पानी की गुणवत्ता, ऑक्सीजन स्तर, प्रवासी पक्षियों की संख्या और जलीय जीवों की स्थिति जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां दर्ज हैं।
 
विज्ञापन
बिहार सरकार ने उठाया बड़ा कदम - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बिहार सरकार ने जलवायु परिवर्तन और पर्यावरण संकट से निपटने के लिए एक नई पहल शुरू की है। राज्य की 233 प्रमुख आर्द्रभूमियों का हेल्थ कार्ड तैयार किया गया है, जिसमें पानी की गुणवत्ता, ऑक्सीजन स्तर, प्रवासी पक्षियों की संख्या और जलीय जीवों की स्थिति जैसी अहम जानकारियां दर्ज की गई हैं। इस हेल्थ कार्ड के जरिए यह पता लगाया जाएगा कि कौन-सी आर्द्रभूमि कितनी स्वस्थ है और किसे संरक्षण की जरूरत है। सबसे ऊंचा स्कोर ‘ए प्लस’ है, जिसका मतलब है कि वेटलैंड पूरी तरह स्वस्थ है।
विज्ञापन


बिहार में कुल 4526 आर्द्रभूमियां हैं, जिनकी आकार सीमा 2.25 हेक्टेयर से अधिक है। इनमें से 4316 का भू-सत्यापन पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग ने पूरा कर लिया है। ये आर्द्रभूमियां न केवल जल शुद्धिकरण और मिट्टी में नमी बनाए रखने में महत्वपूर्ण हैं, बल्कि बाढ़ नियंत्रण और जलवायु संतुलन बनाए रखने में भी अहम भूमिका निभाती हैं।

सरकार ने इन वेटलैंड्स की देखभाल के लिए ‘वेटलैंड मित्र’ योजना शुरू की है। इसके तहत आर्द्रभूमियों के आसपास रहने वाले लोग ही इनकी सफाई, रखरखाव और पहचान करेंगे। साथ ही, प्रवासी पक्षियों के अवैध शिकार पर रोक लगाने और पर्यावरणीय पर्यटन को बढ़ावा देने की जिम्मेदारी भी इन्हीं मित्रों पर होगी।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: जदयू को मिल सकती हैं 100 सीटें; अपने कोटे से बाकी सहयोगियों को सीट देगी भाजपा 
विज्ञापन


आर्द्रभूमि ऐसे इलाके होते हैं जहां पानी लंबे समय तक ठहरा रहता है। यह न केवल पक्षियों और जलीय जीवों का घर है बल्कि जलवायु संकट से निपटने में भी मददगार साबित होती हैं। ये बाढ़ के पानी को रोककर बड़े पैमाने पर नुकसान से बचाती हैं और भूजल को रीचार्ज करती हैं। बिहार सरकार की यह पहल वेटलैंड संरक्षण के क्षेत्र में एक मील का पत्थर साबित हो सकती है और भविष्य में राज्य के पर्यावरणीय संतुलन को मजबूत बनाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें