केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने बिहार और राज्य की नीतीश कुमार सरकार की कई मांगों को एकमुश्त मान लिया है। पिछले साल जननायक कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न देकर केंद्र सरकार ने बिहार का राजनीतिक माहौल बदल दिया था। इस बार एक बड़े वर्ग की बड़ी मांग को पूरा करने के साथ ही भारतीय जनता पार्टी के लिए मेहनत करने वाली शख्सियत को भी सम्मानित किया गया है। तीन हस्तियों को मरणोपरांत पद्म सम्मान दिया गया है।
लोक गायिका स्वर्गीय शारदा सिन्हा को पद्म विभूषण से सम्मानित किया जाएगा। भारतीय जनता पार्टी के नेता और बिहार के पूर्व उप मुख्यमंत्री दिवंगत सुशील कुमार मोदी को पद्म भूषण देने की घोषणा हुई है। देशभर में 113 लोगों को पद्मश्री दिया गया है, जिसमें बिहार के चर्चित चेहरे स्वर्गीय आचार्य किशोर कुणाल का भी नाम है। बिहार से सामाजिक कार्यों के लिए भीम सिंह भवेश, चिकित्सा के क्षेत्र में हेमंत कुमार, कला के क्षेत्र में निर्मला देवी, अध्यात्म के क्षेत्र में विजय नित्यानंद सुरेश्वर जी महाराज को भी पद्मश्री से सम्मानित किया जाएगा।
सुशील कुमार मोदी की कैंसर ने ली थी जान
बिहार के पूर्व उप मुख्यमंत्री और राज्यसभा के पूर्व सांसद सुशील मोदी का निधन 13 मई 2024 की रात दिल्ली में हुआ था। वह कैंसर से पीड़ित थे। अपनी बीमारी के बारे में उन्होंने खुद 03 अप्रैल 2024 को सोशल मीडिया पर लिखकर जानकारी दी थी। उन्होंने लिखा था कि "पिछले छह माह से कैंसर से संघर्ष कर रहा हूं। अब लगा कि लोगों को बताने का समय आ गया है। लोकसभा चुनाव में कुछ कर नहीं पाऊंगा। प्रधानमंत्री को सब कुछ बता दिया है। देश, बिहार और पार्टी का सदा आभार और सदैव समर्पित।" यह उनका अंतिम संदेश था। उन्होंने युवावस्था से अंतिम समय तक भाजपा के प्रति निष्ठा दिखाई थी।
शारदा सिन्हा का छठ के दिन ही हुआ था निधन
बिहार की लोक गायिका शारदा सिन्हा का 5 नवंबर को निधनहुआ था। छठ गीतों के लिए मशहूर पद्म भूषण से सम्मानित शारदा सिन्हा को 27 अक्तूबर को नई दिल्ली के एम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उनके बेटे अंशुमान सिन्हा ने गायिका के निधन की पुष्टि इंस्टाग्राम पर पोस्ट साझा की थी। सुशील मोदी की तरह शारदा सिन्हा भी पटना के राजेंद्रनगर में ही रहती थीं।
आचार्य किशोर कुणाल का पिछले साल हुआ था निधन
धार्मिक न्यास बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष और विश्व प्रसिद्ध पटना महावीर मंदिर न्यास के सचिव आचार्य किशोर कुणाल का 29 दिसंबर की सुबह निधन हुआ था। अल्लसुबह हार्ट अटैक आने के बाद उन्हें फौरन महावीर वात्सल्य अस्पताल में भर्ती करवाया गया था, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पूर्व आईपीएस अधिकारी किशोर कुणाल का कार्डियक अरेस्ट आया था। अस्पताल जाने से पहले ही उन्होंने दम तोड़ दिया था। 74 वर्ष की उम्र में उन्होंने अंतिम सांस ली।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जताई प्रसन्नता
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार कोकिला स्व. शारदा सिन्हा को कला के क्षेत्र में पद्म विभूषण, स्व. सुशील कुमार मोदी को लोक कार्य के क्षेत्र में पद्म भूषण एवं स्व. आचार्य किशोर कुणाल को सिविल सेवा के क्षेत्र में पद्म श्री से सम्मानित करने की घोषणा पर प्रसन्नता व्यक्त की है। साथ ही मुख्यमंत्री ने भीम सिंह भवेश को समाज सेवा के क्षेत्र में, डॉ. हेमंत कुमार को मेडीसिन के क्षेत्र में, निर्मला देवी को कला के क्षेत्र में एवं विजय नित्यानंद सुरीश्वर जी महाराज को अध्यात्मवाद के क्षेत्र में पद्मश्री से सम्मानित होने की घोषणा पर मुख्यमंत्री ने बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।