राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद ने शनिवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर तीखा हमला बोला।
लालू ने कुमार को अवसरवादी करार दिया और कहा कि वे मुस्लिमों का वोट हासिल करने के लिए नरेंद्र मोदी के विरोध का नाटक कर रहे हैं।
जद-यू और भाजपा के बीच गठबंधन को लेकर चल रही खींचतान पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए लालू ने कहा कि नीतीश कुमार नरेंद्र मोदी और सांप्रदायिक ताकतों के विरोध का नाटक सिर्फ मुस्लिमों के वोट हासिल करने के लिए कर रहे हैं।
राजद प्रमुख ने सवाल किया कि अगर उनका विरोध सच्चा है तो फिर उन्होंने 2002 में गुजरात दंगे के बाद राम विलास पासवान की तरह राजग से नाता क्यों नहीं तोड़ा।
लालू ने कहा कि नीतीश अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार में रेल मंत्री थे, लेकिन उन्होंने साबरमती ट्रेन अग्निकांड की जांच के आदेश नहीं दिए थे।
क्या ऐसा कर उन्होंने मोदी की मदद नहीं की थी।
लालू ने कहा कि कुमार को जनता को यह बताना चाहिए कि आखिर उन्होंने मुख्यमंत्री आवास में आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत की मेजबानी क्यों की थी।
फेडरल फ्रंट के गठन की संभावना पर लालू ने कहा कि नीतीश कुमार और ममता बनर्जी जैसे नेता पर विश्वास करना बहुत ही कठिन है।
उन्होंने कहा कि जद-यू कुछ और नहीं, बल्कि नीतीश कुमार और शरद यादव के नेतृत्व में अवसरवादियों का एक दल है।