मुजफ्फरपुर के तिरहुत प्रमंडल में स्नातक निर्वाचन क्षेत्र उपचुनाव के अंतिम दिन जन सुराज के प्रत्याशी डॉ. विनायक गौतम ने अपना नामांकन दाखिल किया। इस मौके पर उनके सैकड़ों समर्थकों की उपस्थिति ने माहौल को उत्साहपूर्ण बना दिया। नामांकन के बाद डॉ. गौतम ने विरोधियों पर जमकर निशाना साधते हुए कहा कि यह चुनाव जाति और धर्म की राजनीति को तोड़ने वाला साबित होगा। उन्होंने दावा किया कि इस बार एनडीए और महागठबंधन के उम्मीदवारों को हार का सामना करना पड़ेगा।
‘शिक्षकों-युवाओं के अधिकारों की आवाज बनेगा जन सुराज’
डॉ. विनायक गौतम ने सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि बिहार में शिक्षकों के साथ अन्याय हो रहा है। उन्होंने शिक्षकों की फेशियल अटेंडेंस प्रणाली को बंद करने की मांग की। उन्होंने कहा कि अगर इसे लागू रखना है तो सभी सरकारी कर्मियों पर समान रूप से लागू किया जाए। उन्होंने इसे शिक्षकों के लिए बंधुआ मजदूरी जैसा बताया।
सरकारी अस्पतालों की दुर्दशा पर सवाल उठाते हुए डॉ. गौतम ने कहा कि राज्य में अस्पताल तो बना दिए गए, लेकिन वहां कर्मचारियों की भारी कमी है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियां भ्रष्टाचार और अनियमितताओं से भरी हैं।
जाति-धर्म से ऊपर राजनीति का दावा
जन सुराज को एक सेवा भाव के आंदोलन के रूप में प्रस्तुत करते हुए डॉ. गौतम ने कहा कि उनका संगठन जाति और धर्म से ऊपर उठकर समाज सेवा को प्राथमिकता देता है। उन्होंने एनडीए और महागठबंधन दोनों पर निशाना साधते हुए कहा कि ये दल केवल जातिगत समीकरण देखकर उम्मीदवारों का चयन करते हैं और जनता को जुमलों से बहलाते हैं।
महादेव की कृपा से बदलाव का भरोसा
डॉ. गौतम ने कहा कि मेरे ऊपर महादेव की कृपा है। मैं 13 महीने के अपने कार्यकाल में यह साबित कर दूंगा कि राजनीति समाज सेवा का माध्यम हो सकती है। उन्होंने विश्वास जताया कि इस बार का चुनाव तिरहुत स्नातक क्षेत्र के लिए मील का पत्थर साबित होगा।
नवाचार और बदलाव का वादा
डॉ. गौतम ने कहा कि शिक्षकों, स्नातकों और युवाओं की समस्याओं का समाधान उनकी प्राथमिकता होगी। उन्होंने यह भी कहा कि यह चुनाव तिरहुत क्षेत्र में पढ़े-लिखे लोगों के साथ होने वाले धोखे को खत्म करने का एक संदेश देगा।
आयातित उम्मीदवार पर कसा तंज
एनडीए पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि तिरहुत क्षेत्र में इतने ब्राह्मण हैं, लेकिन एनडीए ने एक आयातित उम्मीदवार लाकर जनता के साथ अन्याय किया है। यह क्षेत्र अब ठगी बर्दाश्त नहीं करेगा। जन सुराज के समर्थन में सड़कों पर उतरे समर्थकों ने डॉ. गौतम को जीत का भरोसा दिलाया। समर्थकों का कहना था कि यह चुनाव सिर्फ राजनीति नहीं बल्कि समाज के बदलाव का एक संदेश देगा।