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Bihar News: बूढ़ी गंडक का बढ़ता जलस्तर बना खतरा, कई घाटों की सीढ़ियां डूबीं; प्रशासन अलर्ट मोड में

Sat, 18 Jul 2026 05:17 PM IST
तिरहुत-मुजफ्फरपुर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुजफ्फरपुर

सार

नेपाल और तराई क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश के बाद मुजफ्फरपुर में बूढ़ी गंडक नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। शहर के अखाड़ा घाट, सीढ़ी घाट, चंदवारा घाट समेत कई घाटों की सीढ़ियां पानी में डूबने लगी हैं।
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बूढ़ी गंडक का बढ़ता जलस्तर बना खतरा - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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नेपाल और तराई क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश का असर अब बिहार की नदियों पर साफ दिखने लगा है। बागमती नदी का जलस्तर भले ही अब घटने लगा हो, लेकिन मुजफ्फरपुर शहर के बीचों-बीच बहने वाली बूढ़ी गंडक नदी तेजी से उफान पर है। नदी का बढ़ता जलस्तर अब शहर के लोगों के लिए चिंता का कारण बन गया है। कई घाटों की सीढ़ियां पानी में डूबने लगी हैं और नदी किनारे रहने वाले लोगों में एक बार फिर बाढ़ का डर सताने लगा है।

कई घाटों पर बढ़ा पानी, सीढ़ियां हुईं जलमग्न

लगातार बारिश के कारण बूढ़ी गंडक नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। इसका असर मुसहरी प्रखंड क्षेत्र के प्रमुख घाटों पर दिखाई देने लगा है। अखाड़ा घाट, सीढ़ी घाट, चंदवारा घाट समेत कई स्थानों पर पानी लगातार बढ़ रहा है। सिकंदरपुर स्थित सीढ़ी घाट और नमामि गंगे घाट की एक-एक सीढ़ी पूरी तरह पानी में डूब गई है।

नदी किनारे रहने वाले लोगों में बढ़ी चिंता

जलस्तर बढ़ने के साथ ही नदी किनारे रहने वाले लोगों में बाढ़ का खतरा फिर से मंडराने लगा है। लोग संभावित बाढ़ को देखते हुए सतर्क हो गए हैं और जरूरत पड़ने पर ऊंचे स्थानों पर जाने की तैयारी भी शुरू कर दी है।

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पुल निर्माण का काम भी प्रभावित

बूढ़ी गंडक के बढ़ते जलस्तर का असर विकास कार्यों पर भी पड़ा है। अखाड़ा घाट पुल के समानांतर बन रहे नए पुल का निर्माण कार्य फिलहाल रोकना पड़ा है। नदी किनारे बनाया गया निर्माण कंपनी का कैंप भी पानी में जलमग्न हो गया है, जिससे काम पूरी तरह प्रभावित हुआ है।

प्रशासन ने शुरू की तैयारी

पूर्वी अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीएम) आनंद उत्कर्ष ने बताया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की लगातार निगरानी की जा रही है। उन्होंने कहा कि बागमती नदी का जलस्तर कम हुआ है, लेकिन बूढ़ी गंडक नदी का पानी तेजी से बढ़ रहा है। संभावित बाढ़ को देखते हुए लोगों की आवाजाही के लिए नाव की व्यवस्था की जा रही है।

राहत और बचाव के लिए सभी विभाग अलर्ट

एसडीएम ने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव के सभी इंतजाम किए जा रहे हैं, ताकि किसी भी ग्रामीण को परेशानी का सामना न करना पड़े। बूढ़ी गंडक नदी के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है और सभी संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए गए हैं। प्रशासन ने सभी अधिकारियों को हर स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी रखने को कहा है।

 

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