मुजफ्फरपुर: हत्याकांड का पुलिस ने किया खुलासा।
बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के कांटी थाना क्षेत्र के कोठिया गांव स्थित एनटीपीसी ऐश डंप प्वाइंट लैगून के पास तीन दिन पहले हुई 45 वर्षीय शंभू सहनी की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर लिया है। हत्या में शामिल तीन आरोपियों में से दो को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक आरोपी अभी फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है।
पुलिस के अनुसार, हत्या के पीछे पुरानी रंजिश, पैसों के लेनदेन और नशे के कारोबार में हिस्सेदारी को लेकर विवाद की बात सामने आई है। मृतक की गोली मारकर हत्या की गई थी और शव को प्रतिबंधित क्षेत्र एनटीपीसी के ऐश डंप प्वाइंट लैगून के पास झाड़ियों में फेंक दिया गया था।
दरअसल, कांटी थाना क्षेत्र में 26 अगस्त की सुबह करीब नौ बजे कोठिया गांव के पास ऐश डंप प्वाइंट लैगून के समीप संदिग्ध परिस्थितियों में एक व्यक्ति का शव मिला था। मृतक की पहचान शंभू सहनी के रूप में हुई थी, जो कांटी थाना क्षेत्र के कोठिया गांव के ही निवासी थे।
मामले की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की और मानवीय एवं तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जानकारी जुटाई। मृतक की पत्नी इंदु देवी के बयान पर कुछ लोगों को आरोपी बनाया गया था। इनमें से दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक आरोपी मौके से फरार होने में सफल रहा। पुलिस ने घटनास्थल पर एफएसएल की टीम को बुलाकर जांच भी कराई थी।
दो आरोपी गिरफ्तार, मुख्य आरोपी फरार
पूरे मामले की जानकारी देते हुए एसडीपीओ वेस्ट-1 सुचित्रा कुमारी ने बताया कि 26 अगस्त को कांटी थाना क्षेत्र निवासी शंभू सहनी का शव बरामद किया गया था। मामले की जांच के दौरान राजा कुमार और पप्पू चौरसिया को गिरफ्तार किया गया है, जबकि प्रकाश चौधरी फरार है।
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पुलिस के अनुसार, हत्या को अंजाम देने वाला प्रकाश चौधरी ही था और उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस को मृतक के शराब के धंधे से जुड़े होने की जानकारी भी मिली है। इस पहलू पर अलग से जांच की जा रही है। मामले में अन्य तथ्यों और आरोपियों की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है।
हत्याकांड के दो आरोपी पुलिस की गिरफ्त में।