फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar News: सहायक अध्यापकों की नियुक्ति में फर्जीवाड़ा, कई ने लगाए फर्जी अनुभव प्रमाण पत्र

Sun, 05 Apr 2026 08:51 AM IST
तिरहुत-मुजफ्फरपुर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुजफ्फरपुर

सार

मुजफ्फरपुर के बाबा साहब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय में सहायक अध्यापक की नियुक्ति में फर्जी अनुभव प्रमाण पत्र का मामला सामने आया है। जांच में पाया गया कि कुछ उम्मीदवारों ने फर्जी प्रमाण पत्र अटैच करके नौकरी पाने की कोशिश की।
विज्ञापन
: बीआरए बिहार विश्वविद्यालय में सहायक अध्यापक नियुक्ति में फर्जीवाड़ा - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मुजफ्फरपुर के बाबा साहब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय में सहायक अध्यापक की नियुक्ति में फर्जीवाड़े का मामला सामने आया है। जांच में यह पता चला कि कुछ उम्मीदवारों ने नौकरी पाने के लिए फर्जी अनुभव प्रमाण पत्र लगाकर आवेदन किया था। विश्वविद्यालय प्रशासन ने तुरंत इस फर्जीवाड़े को पकड़ते हुए संबंधित नियुक्ति को रोक दिया है।
विज्ञापन


'अनुभव प्रमाण में गड़बड़ी'

बीआरए बिहार विश्वविद्यालय ने अपनी जांच में पाया कि हाल ही में नियुक्त कई सहायक अध्यापकों के अनुभव प्रमाण पत्र यूजीसी के मापदंडों के अनुरूप नहीं थे। बीते एक वर्ष में विश्वविद्यालय ने लगभग 350 से 400 सहायक अध्यापकों की नियुक्ति की थी। नियुक्ति के समय यूजीसी की गाइडलाइन के अनुसार उम्मीदवारों के अनुभव प्रमाण पत्रों की जांच करके रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए थे। जांच में यह सामने आया कि कुछ उम्मीदवारों ने फर्जी तरीके से अनुभव प्रमाण पत्र अटैच किए थे, जिससे उन्हें नौकरी दिलाने की कोशिश की गई। इसके बाद विश्वविद्यालय ने ऐसे सभी उम्मीदवारों की नियुक्ति को तत्काल प्रभाव से रोक दिया।

राज्य सरकार और आयोग को सूचित

विश्वविद्यालय प्रशासन ने मामले की जानकारी राज्य सरकार और संबंधित आयोग को भी भेजी है। आगे की कार्रवाई के लिए राज्य सरकार ने विश्वविद्यालय को खुद से मामले की जांच करने के लिए पत्राचार किया है। कुलपति डॉ. दिनेश चंद्र राय ने बताया कि इस मामले में आयोग ने चयन किया था और सूची विश्वविद्यालय को दी थी। विश्वविद्यालय का काम केवल जांच करना था। उन्होंने कहा कि जांच के लिए कर्मियों की कमी के बावजूद विश्वविद्यालय ने मामला खुद जांचा है, लेकिन आगे की कार्रवाई के लिए स्पष्ट दिशा निर्देश का इंतजार किया जा रहा है।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- -Bihar News : राज्यसभा जाने से पहले सीएम पहुंचे बिहटा, निर्माणाधीन एयरपोर्ट सहित एलिवेटेड पथ का किया निरीक्षण
विज्ञापन


कुलपति का बयान

डॉ. दिनेश चंद्र राय ने कहा, "इस मामले में आयोग ने चयन किया और हमें सूची दी। हमारा काम केवल जांच करना था। हमारे पास जांच करने के लिए पर्याप्त कर्मी नहीं थे, लेकिन हमने स्वयं मामले की जांच की। अब आगे की कार्रवाई राज्य सरकार और आयोग से दिशा निर्देश मिलने के बाद की जाएगी।"

 

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें