Bihar Flood: ग्रामीणों का कहना था कि नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने से आसपास के घरों में पानी भर गया है, जिससे बच्चों और बुजुर्गों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं सड़कों पर पानी फैल जाने से पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है।
मोतिहारी में सिकरहना नदी में आए उफान के कारण सुगौली प्रखंड क्षेत्र के सुकुल पाकड़ पंचायत अंतर्गत चिलझपटी बड़हरवा स्कूल के समीप मंगलवार को ग्रामीणों ने राष्ट्रीय उच्च पथ (एनएच-28ए) को करीब एक घंटे तक जाम कर दिया। बाढ़ का पानी घरों और सड़कों में घुस जाने से लोगों के आवागमन पर पूरी तरह असर पड़ा, जिससे नाराज ग्रामीणों ने सड़क पर उतरकर प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
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ग्रामीणों का कहना था कि नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने से आसपास के घरों में पानी भर गया है, जिससे बच्चों और बुजुर्गों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं सड़कों पर पानी फैल जाने से पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। इस दौरान बड़ी संख्या में महिला और पुरुष सड़क पर उतर आए और चार पहिया वाहनों समेत सभी बड़े वाहनों की आवाजाही पूरी तरह रोक दी। परिणामस्वरूप दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई और आम यात्रियों को घंटों फंसे रहना पड़ा।
सूचना मिलते ही स्थानीय थाना की पुलिस और अंचलाधिकारी मौके पर पहुंचे और आक्रोशित ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। अधिकारियों ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि प्रशासन जल्द ही नाव की व्यवस्था करेगा ताकि बाढ़ग्रस्त इलाकों में लोगों का आवागमन सुगम हो सके।
वहीं मौके पर मौजूद ग्रामीण सूरज कुमार, मोहम्मद असलम, सीमा देवी और विभा देवी ने कहा कि जब तक प्रशासन नाव और आवश्यक राहत सुविधाओं की व्यवस्था जल्द करें जिससे परेशानियों से निजात मिल सके। मौके पर पहुंचे अंचलाधिकारी कुंदन कुमार व थाना के एसआई जयप्रकाश सिंह के आश्वासन पर ग्रामीण शांत हुए और धीरे-धीरे जाम समाप्त कराया गया।
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में प्रशासन की बाढ़ तैयारी को लेकर सवाल उठने लगे हैं। लोगों का कहना है कि हर साल सिकरहना नदी के बढ़ते जलस्तर से यही स्थिति बनती है, लेकिन स्थायी समाधान की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा।