वैशाली जिले के महनार थाना क्षेत्र में 20/21 अप्रैल की दरमियानी रात हुई डकैती मामले में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए मुख्य अपराधी समेत तीन बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं, फरार अन्य अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, अपराधी मुजफ्फरपुर से हाजीपुर होते हुए महनार पहुंचे थे और योजनाबद्ध तरीके से हथियार एवं औजारों का इस्तेमाल कर डकैती की वारदात को अंजाम दिया था। घटना के दौरान बदमाशों ने करीब 50 ग्राम स्वर्ण आभूषण और 50 हजार रुपये नकद लूट लिए थे। लूट की रकम और जेवरात को आपस में बांटने की योजना थी, साथ ही दूसरी बड़ी घटना को अंजाम देने की तैयारी भी चल रही थी।
डकैती कांड के खुलासे के लिए वैशाली एसपी के निर्देश पर महनार अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के नेतृत्व में एसआईटी (SIT) का गठन किया गया था। टीम बिहार से लेकर नेपाल सीमा तक लगातार छापेमारी कर रही थी। जांच के दौरान पुलिस को घटना का सीसीटीवी फुटेज भी मिला, जिसके आधार पर अपराधियों की पहचान कर कार्रवाई शुरू की गई।
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इसी बीच पुलिस को सूचना मिली कि डकैती में शामिल अपराधी शिवहर जिले में राजीव कुमार के घर पर एकत्रित हुए हैं। सूचना के आधार पर वैशाली पुलिस की टीम ने शिवहर में छापेमारी कर तीन अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार अपराधियों में नेपाल निवासी जयराम पासवान, भोला साह और राजीव सिंह शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, जयराम पासवान पर नेपाल और बिहार में कुल 24 आपराधिक मामले दर्ज हैं। वहीं भोला साह पर बिहार में डकैती के 11 मामले दर्ज हैं। राजीव सिंह पर भी डकैती के दो मामले दर्ज बताए गए हैं।
पुलिस ने बताया कि कुख्यात अपराधी भोला साह विस्फोटक पदार्थ (बम) बनाने में भी शामिल रहा है। बम बनाने के दौरान उसकी एक उंगली क्षतिग्रस्त हो चुकी है। उस पर डकैती समेत कई जघन्य अपराधों के लगभग एक दर्जन मामले दर्ज हैं। फिलहाल पुलिस इस कांड में शामिल अन्य अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।