इथनॉल प्लांट का निरक्षण करते सीएम
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मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शनिवार को जमुई जिले के चकाई प्रखंड की पेटरपहाड़ी पंचायत के उरबा गांव में निर्माणाधीन इथेनॉल प्लांट का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति का जायजा लिया। पत्रकारों से बातचीत में मुख्यमंत्री ने कहा कि प्लांट का निर्माण तेज गति से चल रहा है और इसे मार्च 2027 तक हर हाल में चालू कर दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह एशिया का सबसे बड़ा इथेनॉल प्लांट है और इसका निर्माण चकाई समेत पूरे जमुई जिले के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि उन्होंने स्वयं परियोजना की प्रगति का निरीक्षण किया है। सरकार की कोशिश है कि तय समयसीमा के भीतर निर्माण कार्य पूरा कर उत्पादन शुरू कराया जाए।
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मुख्यमंत्री ने चकाई को स्टील हब के रूप में विकसित करने की योजना की भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इसके लिए जमीन की उपलब्धता को लेकर सर्वे कराया गया है। जल्द ही स्टील हब से जुड़ी योजना को धरातल पर उतारने की दिशा में काम शुरू किया जाएगा। इससे क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार के साथ रोजगार के अवसर बढ़ने और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने की उम्मीद है।
इससे पहले मुख्यमंत्री ने ई-रिक्शा पर बैठकर इथेनॉल प्लांट परिसर का भ्रमण किया और निर्माण कार्य की प्रगति देखी। उनका हेलीकॉप्टर दोपहर में प्लांट के समीप बनाए गए अस्थायी हेलीपैड पर उतरा। यहां अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने उनका स्वागत किया।
निरीक्षण के दौरान बिहार सरकार की मंत्री श्रेयसी सिंह, मंत्री दामोदर रावत, पूर्व मंत्री सुमित कुमार सिंह, विधायक सावित्री देवी, विधान पार्षद विजय सिंह, पूर्व विधान पार्षद संजय सिंह, डीएम नवीन, एसपी विश्वजीत दयाल, एसडीएम सौरव कुमार, डीडीसी शिप्रा विजय चौधरी, मुंगेर प्रमंडलीय आयुक्त प्रेम सिंह मीणा, डीआईजी राकेश कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत और उद्योग विभाग के प्रधान सचिव विवेक कुमार समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।