मजदूरों को इलाज के लिए ले जाते हुए
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मुंगेर जिले के बरियारपुर थाना क्षेत्र के विजयनगर गांव में शनिवार की दोपहर एक दर्दनाक हादसा हो गया। गांव निवासी मुन्नी मंडल के घर बनी सेप्टिक टैंक की शटरिंग खोलने के दौरान गैस के कारण चार मजदूर बेहोश हो गए। हादसे में एक मजदूर की मौत हो गई, जबकि तीन की हालत गंभीर बनी हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ठेकेदार सुदय मंडल ने पांच मजदूरों को शटरिंग खोलने के लिए टंकी में भेजा था। मजदूर एक एक कर टंकी में घुसे और कुछ ही देर में गैस के कारण दम घुटने लगा। सभी मजदूर बेहोश होकर टंकी के अंदर गिर पड़े।
ग्रामीणों ने तोड़ी टंकी की दीवार, बचाई जान
जब आसपास के लोगों को घटना की जानकारी मिली तो उन्होंने रस्सी की मदद से मजदूरों को बाहर निकालने की कोशिश की। एक मजदूर को निकालने में वे सफल रहे, लेकिन बाकी चार को नहीं निकाल पाए। इसके बाद ग्रामीणों ने मिलकर टंकी की दीवार तोड़ दी और बेहोश पड़े चारों मजदूरों को बाहर निकाला।
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एक की मौत, तीन की हालत गंभीर
बेहोश मजदूरों को बरियारपुर बाजार स्थित एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, फिर मुंगेर सदर अस्पताल रेफर किया गया। वहां चिकित्सक डॉ. हेमंत कुमार ने 24 वर्षीय राजेश कुमार को मृत घोषित कर दिया। अन्य तीन मजदूर 35 वर्षीय सुदय मंडल, 30 वर्षीय कैलाश मंडल और 26 वर्षीय सौरभ कुमार का इलाज सदर अस्पताल में चल रहा है।
दो महीने पहले बनी थी टंकी, नहीं निकाला गया था शटरिंग
ग्रामीणों के अनुसार, यह शौचालय की सेप्टिक टैंक दो महीने पहले बनकर तैयार हुई थी, लेकिन उसका शटरिंग अब तक नहीं निकाला गया था। जैसे ही मजदूर टंकी के अंदर तख्ता और बांस हटाने घुसे, टंकी में जमा जहरीली गैस के कारण दम घुटने लगा। सभी मजदूर मुंगेर जिले के विजयनगर गांव के ही रहने वाले हैं। घटना के बाद से गांव में मातम पसरा हुआ है और परिजन सदमे में हैं।