बिहार में पूर्व मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी ने विधानसभा चुनावों के बाद भाजपा का सहयोग लेने की बात कही है। बीबीसी से ख़ास बातचीत में उन्होंने कहा कि, "ज़रूरत पड़ने पर चुनाव के बाद भाजपा की मदद से भी सरकार बना सकते हैं और भाजपा को मदद भी दे सकते हैं। भाजपा हमें कोई परहेज नहीं है।"
मांझी ने साफ किया कि वो फिर से जेडीयू या फिर जनता परिवार का हिस्सा नहीं बनेंगे। उन्होंने कहा, "हमारे 34 निर्णयों को नीतीश कुमार ने रद्द कर दिया और इसी सवाल पर हमने पार्टी को छोड़ा है। उन्हीं नीतीश कुमार को लालू यादव नेता मानकर चल रहे हैं।
इसलिए उनके साथ जाने का कोई औचित्य नहीं है।" वो कहते हैं, "नीतीश कुमार को अगर हटाकर मुझे मुख्यमंत्री के उम्मीदवार के रूप में लालू लाते हैं तो फिर इस बारे में सोचेंगे। इसके बिना बात करने का कोई सवाल नहीं उठता।"