केंद्रीय कर्मचारी चयन आयोग की निम्नवर्गीय लिपिक चयन परीक्षा (एलडीसी) का परचा लीक करनेवाले गिरोह के 22 सदस्य को एसटीएफ ने गिरफ्तार किया है। एलडीसी का परचा रविवार को पटना के राजीव नगर मुहल्ले में वेस्ट प्वांइट स्कूल से लीक हो गया था। पटना से आठ और भागलपुर से चौदह गिरफ्तार हुए हैं। ये लोग एलडीसी की परीक्षा में हाइटेक तरीके से नकल करा रहे थे। उनके पास से ब्लूटूथ, कंप्यूटर, प्रिंटर व लैपटॉप बरामद किये गये हैं।
परचा लीक होने की सूचना के बाद भागलपुर के बरारी थाना क्षेत्र के जालिम कोइरी टोला लेन की झोंपड़पट्टी से 14 शातिरों को पकड़ा गया। भागलपुर की एसएसपी केएस अनुपम ने कहा कि पटना एसटीएफ के आइजी अमित कुमार के निर्देश पर भागलपुर में इस गिरोह को पकड़ा गया। पकड़े गये शातिर कई परीक्षाओं के प्रश्नपत्रों को लीक कर परीक्षा में बैठे परीक्षार्थियों को मोबाइल से उत्तर बताने का काम करते थे। रविवार को एलडीसी की परीक्षा के उत्तर ये लोग मोबाइल से परीक्षा केंद्र में बैठे परीक्षार्थियों को बता रहे थे। पकड़े गये लोग राज्य के कई जिलों के हैं। एसएसपी ने बताया कि बरामद सामान और कागजात की जांच होगी।
एसटीएफ के प्रभारी व आइजी (ऑपरेशन) अमित कुमार ने बताया कि एलडीसी की परीक्षा का परचा लीक करने के लिए गिरोह के राजधानी में सक्रिय होने की सूचना मिली थी। सभी केंद्रों पर सादे वेश में पुलिस को तैनात किया गया था। सूचना मिली कि राजीव नगर के वेस्ट प्वाइंट स्कूल से परचा लीक कर उसे मेल के सहारे भागलपुर के तिलकामांझी थाना क्षेत्र के एक केंद्र पर भेजा गया है। तुरंत इसकी सूचना भागलपुर की एसएसपी को दी गयी और वहां छापा मार कर 14 लोगों को गिरफ्तार किया गया।
हाइटेक हुए गिरोह
सरकारी नौकरियों के लिए होनेवाली परीक्षाओं में प्रश्नपत्र लीक कर सेटिंग करनेवालों के काम-काज का तरीका भी हाइटेक हो गया है। अब वे किसी एक शहर में किसी खास सेंटर से प्रश्नपत्र लीक कराते हैं। फिर उसका जवाब तैयार कर इ-मेल के जरिये दूसरे शहरों में अपने गिरोह के अन्य लोगों को भेजते हैं। वहां का गिरोह मोबाइल से इसे सेंटर तक उन अभ्यर्थियों तक पहुंचाता है, जिनसे मोटी रकम वसूल की गयी होती है। एसटीएफ प्रभारी अमित कुमार का कहना है कि परीक्षा प्रश्न पत्र लीक करनेवाले गिरोह ने अपने कार्य करने का ट्रेंड बदल लिया है। वे अब नयी तकनीक का सहारा ले रहे हैं। एसटीएफ गिरोह की कारगुजारियों पर नजर रखे हुए है।