कोशी रेंज के डीआईजी बने रूप कुमार आशीष
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सहरसा में कोशी प्रमंडल के पुलिस उपमहानिरीक्षक के रूप में आईपीएस अधिकारी रूप कुमार आशीष ने रविवार को विधिवत पदभार संभाल लिया। कार्यभार ग्रहण करते ही उन्होंने स्पष्ट किया कि क्षेत्र में अपराध पर प्रभावी नियंत्रण और जन शिकायतों का त्वरित निपटारा उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी होगी।
गार्ड ऑफ ऑनर के साथ औपचारिक स्वागत
डीआईजी कार्यालय पहुंचने पर रूप कुमार आशीष को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस अवसर पर कोशी प्रमंडल के तीनों जिलों के पुलिस अधीक्षक उपस्थित रहे। सहरसा एसपी हिमांशु, मधेपुरा एसपी और सुपौल एसपी ने गुलदस्ता भेंट कर नए डीआईजी का स्वागत किया। इसके बाद कानून-व्यवस्था से जुड़े विभिन्न विषयों पर अधिकारियों के साथ औपचारिक चर्चा भी हुई।
अपराध नियंत्रण और लंबित मामलों पर विशेष ध्यान
मीडिया से बातचीत में डीआईजी रूप कुमार आशीष ने कहा कि सहरसा, सुपौल और मधेपुरा जिलों में अपराध पर लगाम लगाना उनकी पहली प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि पुराने और लंबित कांडों के अनुसंधान में तेजी लाई जाएगी और समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित किया जाएगा, ताकि पीड़ितों को जल्द न्याय मिल सके।
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शराबबंदी कानून और सीमावर्ती इलाकों पर कड़ा रुख
बिहार में लागू शराबबंदी कानून को लेकर डीआईजी ने सख्त रुख अपनाने की बात कही। उन्होंने कहा कि शराब के अवैध कारोबार और तस्करी से जुड़े माफियाओं पर कठोर कार्रवाई की जाएगी। कोशी क्षेत्र के सीमावर्ती होने के कारण अंतरराज्यीय सीमा क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने पर भी विशेष जोर दिया जाएगा।
आधुनिक तकनीक और जनसुनवाई पर फोकस
डीआईजी रूप कुमार आशीष ने बताया कि आधुनिक पुलिसिंग को बढ़ावा देने के लिए तकनीक का व्यापक उपयोग किया जाएगा। सीसीटीएनएस के माध्यम से हुई प्रगति की समीक्षा की जाएगी और पुलिस मुख्यालय तथा डीजीपी के निर्देशों के अनुरूप जन शिकायतों की सुनवाई में तेजी लाई जाएगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अनुशासित पुलिसिंग और टीम वर्क के जरिए जनता की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता से किया जाएगा।