सहरसा की सदर विधानसभा सीट को लेकर आयोजित 'सत्ता संग्राम' कार्यक्रम में वर्षों से लंबित बंगाली बाजार ओवरब्रिज निर्माण और सदर अस्पताल की बदहाल व्यवस्था मुख्य मुद्दा बना रहा। विपक्षी दलों ने सरकार और स्थानीय विधायक, पूर्व कला-संस्कृति मंत्री डॉ. आलोक रंजन पर इन मुद्दों को लेकर जमकर निशाना साधा। वहीं विधायक ने इन आरोपों का तथ्यों के साथ जवाब दिया। कार्यक्रम में कांग्रेस जिलाध्यक्ष मुकेश झा, लोजपा (रामविलास) जिलाध्यक्ष महेंद्र शर्मा, भाकपा (माले) के कुंदन कुमार, जदयू जिलाध्यक्ष चंद्रदेव मुखिया, जन सुराज के सोहन झा और राजद नगर अध्यक्ष ई. कौशल यादव भी शामिल हुए।
जल्द शुरू होगा ओवरब्रिज निर्माण कार्य
छह से आठ महीने में दिखेगा शहर का बदला स्वरूप: विधायक
जन समस्याएं भी रहीं चर्चा में
विपक्ष ने लगाया जनता को गुमराह करने का आरोप
कांग्रेस जिलाध्यक्ष मुकेश झा ने सरकार और जनप्रतिनिधियों पर जनता को टेंडर और कोर्ट का बहाना बनाकर गुमराह करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जब केंद्र और राज्य दोनों में एनडीए की सरकार है, तब भी विलंब समझ से परे है। भाकपा (माले) के कुंदन कुमार ने सदर अस्पताल की बदहाली का मुद्दा उठाते हुए कहा कि आईसीयू में एक भी टेक्नीशियन नहीं है। भ्रष्टाचार की स्थिति यह है कि बिना लेनदेन कोई काम नहीं होता। राजद नगर अध्यक्ष ई. कौशल कुमार ने कहा कि हल्की बारिश में ही शहर जलमग्न हो जाता है और छह महीने तक लोग परेशान रहते हैं।