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Bihar MLC Election: माननीय कब से कहलाएंगे पवन सिंह? भोजपुरी के पावर स्टार विधान परिषद् जा रहे

Mon, 08 Jun 2026 11:37 AM IST
आदित्य आनंद न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

Bihar News : भोजपुरी सिनेमा के पावर स्टार कहे जाते हैं पवन सिंह। घर से राजनीति तक, विवादों में घिरे रहे हैं। अब भाजपा उन्हें बिहार के उच्च सदन भेज रही है। वह किस तारीख से माननीय कहे जाएंगे?
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भोजपुरी सुपर स्टार पवन सिंह। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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जन प्रतिनिधि बनते ही कोई 'माननीय' की श्रेणी में आ जाता है। चाहे बैकग्राउंड कुछ भी हो। भोजपुरी अभिनेता पवन सिंह भी अब माननीय होने जा रहे हैं। सोमवार को बिहार विधान परिषद् में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन की सुनिश्चित सीट से नामांकन दाखिल करते ही वह 'माननीय' की कतार में खड़े हो जाएंगे। निर्विरोध स्थिति है, इसलिए सिर्फ जीत की औपचारिक घोषणा का इंतजार ही होगा। यह वही पवन सिंह हैं, जिन्होंने भारतीय जनता पार्टी को लोकसभा चुनाव के समय छकाया था, फिर बिहार विधानसभा चुनाव के समय रिझाया था। आइए जानते हैं कि कैसे परिवार से लेकर राजनीति तक के लिए विवादों में रहे पवन सिंह अब बिहार में उच्च सदन के सदस्य तक का सफर शुरू कर रहे हैं।

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लोकसभा चुनाव के समय क्या हुआ था?
2024 के लोकसभा चुनाव के समय भाजपा ने पवन सिंह को लेकर बहुत उत्साह दिखाया था। उन्हें पश्चिम बंगाल में उतारा था, जहां आज भाजपा सत्तारूढ़ हो चुकी है। पवन सिंह का सूची में सबसे पहले नाम आया। लेकिन, पवन सिंह ने वहां शत्रुघ्न सिन्हा के खिलाफ उतरने से बेहतर भाजपा की नाफरमानी समझी। वह लोकसभा में बिहार से उतरने की जिद लिए केवल बैठे ही नहीं रहे, पश्चिम बंगाल की जगह अपने प्रदेश में आकर राष्ट्रीय जनतांत्रित गठबंधन और खासकर उपेंद्र कुशवाहा को बुरी तरह नुकसान पहुंचाया।

विधानसभा चुनाव के समय क्या रुख बदला था?
लोकसभा चुनाव में फिर से एनडीए सरकार की वापसी हो गई तो पवन सिंह ने भी रुख बदला। इसके लिए भाजपा ने उन्हें उपेंद्र कुशवाहा से ही हरी झंडी लेने के लिए कहा। वह उपेंद्र कुशवाहा से मिले और गिले-शिकवे भुलाने की बात कही गई। इसके बाद भी भाजपा ने पवन सिंह को बिहार विधानसभा चुनाव में टिकट नहीं दिया। हालांकि, इस बार पवन सिंह ने दगाबाजी नहीं की। उलटा, एनडीए के प्रत्याशियों के समर्थन में ही प्रचार के लिए उतरे।
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किस तारीख से विधान पार्षद कहलाएंगे पवन सिंह?
बिहार विधान परिषद् की जिन नौ सीटों पर चुनाव और एक सीट पर उप चुनाव हो रहा है, उनके लिए मंगलवार को नाम वापसी का दिन है। वोटिंग की नौबत आती है तो 18 को यह प्रक्रिया होगी। वरना, उस समय के बाद और 20 जून से पहले पवन सिंह समेत एनडीए के सभी और महागठबंधन के इकलौते प्रत्याशी को विजेता घोषित कर दिया जाएगा। चुनाव वाले सभी नौ का कार्यकाल 2032 तक, जबकि उप चुनाव वाले ललन कुमार का कार्यकाल 2030 तक रहेगा।

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