एनडीए के संयोजक व जेडीयू प्रमुख शरद यादव और अहमद पटेल के बीच मुलाकात के बाद चर्चाएं शुरू हो गई हैं कि कांग्रेस एनडीए की सबसे बड़ी पार्टी से नजदीकियां बढ़ाने की कोशिश में हैं। मगर जेडीयू के नेताओं ने इन अटकलों को खारिज कर दिया है।
हालांकि राज्य के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस संबंध में पत्रकारों के सवालों को टाल दिया। मगर उनके करीब देवेश चंद्र ठाकुर ने सदन के बाहर कहा कि पटेल एक सांसद हैं और शरद यादव जी भी और संसद में अक्सर सांसद एक-दूसरे से मिलते रहते हैं। इसमें कौन सी बड़ी बात हो गई।
बिहार में मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी के बाद तीसरे नंबर के विजय कुमार चौधरी ने भी दोनों पार्टियों के बीच पक रही खिचड़ी की खबरों को खारिज कर दिया।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस के साथ बढ़ती नजदीकियां कहां दिखाई दे रही हैं। क्या सिर्फ इसलिए कि प्रधानमंत्री कांग्रेस के हैं और सीएम ने उनसे मिलकर राज्य को विशेष दर्जा देने की मांग की। बिहार में जेडीयू और भाजपा के बीच संबंध काफी मजबूत हैं और इस तरह की खबरों से इस संबंध में खटास आ सकती है।
बिहार को विशेष दर्जा देने की मांग पर नीतीश कुमार के प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, वित्त मंत्री पी चिदंबरम और योजना आयोग के उपाध्यक्ष मोंटेक सिंह अहलूवालिया से मुलाकात के बाद से ही कांग्रेस और जेडीयू की नजदीकियों को लेकर चर्चा होने लगी थी। नीतीश ने यह कहकर इसे और हवा दे दी कि एनडीए के भविष्य के बारे में किसी को कुछ नहीं पता।