बिहार के गया जिले में मिनी पितृपक्ष मेला का नजारा कुछ अलग दिख रहा है। ठंड के कारण कोई घर से नहीं निकलते हैं। वहीं, गया में देश के विभिन्न राज्यों से गया धाम पहुंचकर अपने पूर्वजों के लिए पिंडदान कर रहे हैं।
कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के बीच गया के विष्णुपद मंदिर के देवघाट पर हजारों तीर्थयात्री अपने पूर्वजों की मोक्ष की कामना के लिए पिंडदान कर रहे हैं। खुले आसमान और घने कोहरे के नीचे बैठकर कई राज्यों के आए पिंडदानी पिंडदान व तर्पण कर रहे हैं। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि श्रद्धा पर ठंड भारी नहीं है। यही कारण है कि अपने पूर्वजों की मोक्ष की कामना के लिए पिंडदानी ठंड में भी पिंडदान कर रहे हैं।
बता दें कि गया के विष्णुपद ही नहीं बल्कि बोधगया भी घना कोहरा छाया हुआ है। जहां ठीक से महाबोधि मंदिर भी कोहरे के कारण दिखाई नहीं दे रही है। लेकिन पर यहां भी पर्यटक काफी संख्या में पहुंच रहे हैं और भगवान बुद्ध के दर्शन व पूजा कर रहे हैं। बता दें कि ठंड के कारण जिला प्रशासन के द्वारा ठंड को देखते हुए आठवीं क्लास तक सभी स्कूलों को बंद कर दिया गया है। अभी आठ डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया जा रहा है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि गया में कड़ाके की ठंड पड़ रही है।
इस बीच गया के विष्णुपद के देवघाट और अन्य वेदियों पर पूर्वजों के श्रद्धा के प्रति ठंड भी लोगों को महसूस नहीं हो रही है। गया के रबड़ डैम में तर्पण कर रहे हैं। बता दें कि अभी मिनी पितृपक्ष मेला चल रहा है, जहां विभिन्न राज्यों से तीर्थ यात्री गया पहुंच रहे हैं। तीर्थयात्री ने भी कहा कि हम लोग अपने पूर्वजों की मोक्ष की कामना के लिए पिंडदान कर रहे हैं।