सार
जहानाबाद में कलर कोडिंग व्यवस्था के विरोध में ऑटो चालकों ने काको मोड़ पर सड़क जाम कर दिया। 120 ऑटो की अनुमति से नाराज चालकों ने रोजी-रोटी पर संकट बताया। पुलिस ने जाम हटवाया, लेकिन आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी।
शहर में यातायात व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने के लिए जिला प्रशासन द्वारा लागू की गई कलर कोडिंग प्रणाली के विरोध में शनिवार को ऑटो चालकों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित चालकों ने काको मोड़ के पास पटना, गया और नालंदा को जोड़ने वाली मुख्य सड़कों को जाम कर दिया, जिससे वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
प्रदर्शन कर रहे ऑटो चालकों का कहना है कि नई व्यवस्था के तहत नगर सेवा में केवल 120 ऑटो को ही अनुमति दी गई है, जबकि शहर और आसपास के क्षेत्रों में करीब एक हजार ऑटो संचालित होते हैं। कलर कोडिंग नहीं होने पर पुलिस द्वारा भारी चालान काटे जा रहे हैं, जिससे हजारों परिवारों की रोजी-रोटी पर संकट मंडराने लगा है।
चालकों ने चेतावनी दी कि इस व्यवस्था से बड़ी संख्या में ऑटो बंद हो जाएंगे, जिससे बेरोजगारी और भुखमरी की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। उन्होंने मांग की है कि पुरानी परिचालन व्यवस्था को बहाल किया जाए, ताकि सभी चालकों को रोजगार मिल सके।
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हालांकि, मौके पर पहुंची पुलिस ने समझा-बुझाकर जाम समाप्त करा दिया, लेकिन ऑटो चालक अब भी अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि प्रशासन ने फैसला वापस नहीं लिया, तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा।
गौरतलब है कि जिला प्रशासन ने शहर की यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने के उद्देश्य से मुख्य मार्गों को पांच भागों में विभाजित किया है। इसके तहत कुल 715 आवेदन प्राप्त हुए थे, जिनमें से फिलहाल 120 आवेदकों की सूची जारी की गई है। साथ ही अवैध स्टैंड से ऑटो संचालन पर रोक लगा दी गई है। प्रशासन का कहना है कि इस पहल से शहर में लगने वाले जाम की समस्या से राहत मिलेगी।