नक्सल प्रभावित औरंगाबाद जिले में माओवादियों के सफाए के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के दौरान पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। हालांकि हार्डकोर माओवादी अखिलेश सिंह भोक्ता बाल-बाल बच निकला, लेकिन सुरक्षा बलों ने भारी मात्रा में विस्फोटक बरामद कर नक्सलियों की साजिश को नाकाम कर दिया। पुलिस ने बताया कि नक्सलियों ने सुरक्षा बलों को नुकसान पहुंचाने के इरादे से जंगलों में चार शक्तिशाली प्रेशर आईईडी बम प्लांट किए थे, जिन्हें मौके पर ही निष्क्रिय कर नष्ट कर दिया गया।
खास इनपुट पर चलाया गया ऑपरेशन
संयुक्त टीम ने चलाया सर्च ऑपरेशन
सूचना की पुष्टि और कार्रवाई के लिए पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने छकरबंधा, गोबरदाहा और देव प्रखंड के शिवसागर क्षेत्र के जंगलों और पहाड़ियों में कई जगहों पर सर्च ऑपरेशन चलाया। इस दौरान नक्सली अखिलेश सिंह पुलिस के हाथ लगते-लगते बच निकला।
हालांकि सर्च ऑपरेशन के दौरान टीम को शिवसागर के जंगल और पहाड़ी इलाके से चार जिंदा प्रेशर आईईडी बम मिले। इनमें तीन केन आईईडी और एक प्रेशर आईईडी शामिल था। सभी बम करीब एक-एक किलोग्राम वजनी और अत्यंत शक्तिशाली थे। पुलिस को बमों के साथ आईईडी वायर और बैटरी भी मिली है।
सुरक्षित तरीके से किया गया विस्फोट
बरामद आईईडी बमों को मौके पर ही बम निरोधक दस्ते ने नियंत्रित विस्फोट के जरिए नष्ट कर दिया, जिससे एक बड़ी दुर्घटना टल गई। पुलिस का कहना है कि अगर समय रहते यह विस्फोटक नहीं मिलते, तो यह सुरक्षा बलों और आम लोगों के लिए गंभीर खतरा बन सकते थे।
नक्सलियों का मनोबल टूटा: एसपी
एसपी अम्बरीष राहुल ने कहा कि पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त कार्रवाई से नक्सलियों का मनोबल लगातार गिर रहा है। क्षेत्र में नक्सलियों की गतिविधियों को रोकने के लिए छापेमारी और ऑपरेशन लगातार जारी रहेंगे।