सिलिंडर के लिए लाइन में लगे उपभोक्ता
समस्तीपुर जिले में गैस की किल्लत से लोग एजेंसी के बाहर लंबी लाइनों में खड़े नजर आ रहे हैं। शहर से लेकर गांव तक हर जगह गैस को लेकर लोग परेशान दिखाई दे रहे हैं। हालात यह हैं कि गैस न मिलने से लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं और वे इधर-उधर भटकने को मजबूर हैं। वहीं, एजेंसियों पर उपभोक्ता कई तरह के सवाल उठाते नजर आ रहे हैं। अब कालाबाजारी भी शुरू हो गई है, जहां सिलेंडर 1500 से 2000 रुपये तक में ब्लैक में मिल रहा है।
गैस न मिलने से उपभोक्ता परेशान
यह तस्वीर समस्तीपुर शहर की एक गैस एजेंसी की है, जहां गैस न मिलने से उपभोक्ता खासे परेशान हैं। केवाईसी को लेकर भी लोग सुबह से शाम तक एजेंसी का चक्कर काट रहे हैं। ओटीपी और डीएससी नंबर होने के बावजूद भी लोगों को गैस नहीं मिल रही है।
एजेंसी कर्मी कर रहे कालाबाजारी
कई उपभोक्ताओं का कहना है कि सभी जरूरी प्रक्रिया पूरी करने के बाद भी एजेंसी कर्मी गैस देने से इनकार कर देते हैं। यहां तक कि कुछ लोगों का आरोप है कि उनका गैस सिलेंडर किसी और को दे दिया जाता है और बाद में यह कह दिया जाता है कि उन्होंने खुद ही गैस ले लिया है।
गैस एजेंसी की लापरवाही लगातार आ रही सामने
एजेंसी के बाहर सुबह-शाम लोगों की भीड़ लगी रहती है, जिसमें महिलाओं की लंबी लाइनें खास तौर पर देखने को मिल रही हैं। महिलाओं का कहना है कि गैस एजेंसी की लापरवाही लगातार सामने आ रही है। दूर-दराज से आने के बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया जाता, जिससे उन्हें थक-हारकर वापस लौटना पड़ता है।
ये भी पढ़ें:
एमनेस्टी और एग्जिट पॉलिसी पर बिहार सरकार मेहरबान, उद्यमियों को बड़ी राहत; बढ़ाई आवेदन की तारीख
शिकायत सुनने वाला कोई नहीं
एक तरफ जिला प्रशासन का दावा है कि गैस को लेकर कोई समस्या नहीं है, वहीं दूसरी ओर उपभोक्ताओं का कहना है कि ओटीपी और डीएससी नंबर होने के बावजूद उन्हें जानबूझकर परेशान किया जा रहा है। उनका आरोप है कि उनकी शिकायत सुनने वाला कोई नहीं है। ऐसे में लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है और वे सरकार को कोसने लगे हैं। उपभोक्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे सड़कों पर उतरकर एजेंसी और सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करेंगे।