दरभंगा जंक्शन पर मुम्बई से लौटे युवक विकास कमती के लापता होने का मामला सामने आया है। विकास 2 अगस्त को पवन एक्सप्रेस से दरभंगा पहुंचा था और सीसीटीवी फुटेज में वेटिंग हॉल तक जाता दिखाई दिया, लेकिन इसके बाद से उसका कोई पता नहीं चला।
मुंबई से दरभंगा जंक्शन पहुंचे एक युवक के लापता होने का मामला सामने आया है। लापता युवक की पहचान घनश्यामपुर थाना क्षेत्र के उसराही सुपौल गांव निवासी आमोद कमती के पुत्र विकास कमती के रूप में हुई है। विकास 31 जुलाई को पवन एक्सप्रेस से मुम्बई से चला था और 2 अगस्त की रात दरभंगा जंक्शन पहुंचा था। स्टेशन के सीसीटीवी फुटेज में वह मिथिला वेटिंग हॉल में जाता हुआ दिखाई दे रहा है। हालांकि कुछ देर बाद वह प्लेटफॉर्म नंबर 2 की ओर जाता नजर आता है, जिसके बाद से उसका कोई सुराग नहीं लग पाया है।
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विकास का बैग और अन्य सामान वेटिंग हॉल से बरामद किया गया है, लेकिन उसका मोबाइल फोन स्विच ऑफ है। परिजनों का आरोप है कि लापता होने की सूचना देने के बावजूद दरभंगा जीआरपी और आरपीएफ ने उनकी शिकायत दर्ज नहीं की।
परिजनों के अनुसार, विकास 13 जुलाई को अपनी बुआ से मिलने मुम्बई गया था। 1 अगस्त को उसने परिजनों को फोन कर बताया था कि वह 2 अगस्त की रात 12 से 1 बजे के बीच दरभंगा पहुंचेगा। इसके बाद उसका मोबाइल बंद हो गया और तब से कोई संपर्क नहीं हो सका। विकास दरभंगा के सीएम कॉलेज में स्नातक की पढ़ाई कर रहा था। उसके पिता परदेश में प्राइवेट नौकरी करते हैं। बेटे की अचानक गुमशुदगी से पूरा परिवार सदमे में है। विकास की मां की तबीयत भी बिगड़ गई है।
विकास की आखिरी बातचीत उसके दोस्त मनु चौपाल से हुई थी। उसने बताया कि विकास ने फोन पर कहा था कि वह जंक्शन से बाहर निकलकर बस में बैठ रहा है और सुबह 5 बजे बिरौल थाना क्षेत्र के सिसौनी मोड़ पर बाइक लेकर पहुंचने को कहा था। जब दोस्त सुबह तय स्थान पर पहुंचा और विकास नहीं आया, तो उसने कॉल किया लेकिन मोबाइल स्विच ऑफ मिला। तब से विकास का कोई पता नहीं चल पाया है। परिजन और ग्रामीण अपने स्तर पर लगातार खोजबीन कर रहे हैं और प्रशासन से युवक की बरामदगी की मांग कर रहे हैं।