समस्तीपुर जिले के खानपुर थाना क्षेत्र में दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। एक किशोरी के अपहरण और दुष्कर्म मामले में गवाही देने पर पीड़ित पक्ष और गवाह के घर में आग लगा दी गई। इस आगजनी में अनाज, कपड़े और घरेलू सामान जलकर खाक हो गए। घटना की सूचना मिलने के बाद 112 नंबर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी गई है।
पीड़ित ने दो दिन पहले ही दी थी धमकी की जानकारी
इस घटना को लेकर गवाह नारायण पासवान ने बताया कि पिछले वर्ष मई में गांव की एक किशोरी का अपहरण कर दुष्कर्म किया गया था, जिसमें उन्होंने गवाही दी थी। जब आरोपी पक्ष को उनके गवाही देने की जानकारी मिली तो उन्होंने बुधवार को आकर उन्हें धमकी दी थी। नारायण पासवान ने शक जाहिर किया है कि गुरुवार देर शाम उनके घर में उन्हीं लोगों ने आग लगा दी। इस आग में घर में रखा आलू, गेहूं, मक्का समेत अन्य जरूरी सामान जलकर राख हो गया, जिससे करीब 50,000 रुपये से अधिक का नुकसान हुआ।
पीड़ित किशोरी के घर में भी लगी आग
इस घटना में दुष्कर्म पीड़िता के घर में भी आग लगाई गई। पीड़ित किशोरी की मां, जिन्होंने इस मामले में प्राथमिकी दर्ज कराई थी, का कहना है कि आरोपी लगातार मामला वापस लेने का दबाव बना रहे थे और धमकी दे रहे थे। उनका मानना है कि इसी दबाव के तहत उनके घर में भी आग लगा दी गई।
कब हुआ था अपहरण और दुष्कर्म?
गत वर्ष मई महीने में गांव की 15 वर्षीय किशोरी का अपहरण कर दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया गया था। इस मामले में पीड़िता की मां ने महिला थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी, लेकिन अब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। पीड़िता की मां ने पुलिस को पहले भी बताया था कि आरोपी लगातार केस वापस लेने का दबाव बना रहे थे। अब जब गवाह नारायण पासवान ने अदालत में बयान दिया, तो उनके परिवार और पीड़िता के परिवार को निशाना बनाया गया।
पुलिस ने क्या कहा?
घटना को लेकर सदर डीएसपी-2 विजय महतो ने कहा कि इसकी जानकारी उन्हें मीडिया के माध्यम से मिली है। अभी तक पीड़ित पक्ष की ओर से कोई लिखित आवेदन नहीं मिला है। उन्होंने आश्वासन दिया कि अगर आवेदन दिया जाता है, तो उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पीड़ित परिवार में दहशत, न्याय की गुहार
इस घटना के बाद से पीड़ित परिवार सदमे और दहशत में है। दोनों घरों में आग लगाने की इस वारदात ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। पीड़ित परिवार ने पुलिस से तत्काल सुरक्षा और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है।