बिहार के जमुई के सिकंदरा थाना क्षेत्र के आचार्यडीह गांव से 200 मीटर दूर केंदुआ आहार में शुक्रवार की सुबह एक युवक का शव पड़ा मिला। उसे देखने के लिए ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई। मृतक युवक की पहचान आचार्यडीह निवासी रामनंदन यादव के बेटे सत्येंद्र कुमार (28) के रूप में हुई है। इसके बाद घटना की जानकारी स्थानीय थाने को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल जमुई भेज दिया।
जानकारी के मुताबिक, सिकंदरा थाना क्षेत्र के आचार्यडीह गांव निवासी सत्येंद्र कुमार बेंगलुरु में रहकर ठेकेदारी का काम करता था। वह पांच दिन पहले ही बेंगलुरु से अपने घर आचार्यडीह लौटा था। घटना को लेकर परिजनों ने बताया कि गुरुवार की रात 10:30 बजे के लगभग सत्येंद्र के मोबाइल पर एक कॉल आया। उस पर वह गाली-गलौज करते हुए घर से बाहर निकला और वापस लौट कर नहीं आया। उसके बाद काफी खोजबीन की गई, लेकिन उसका कुछ पता नहीं चला। जब सुबह शौच के लिए ग्रामीण केंदुआ आहार की तरफ गए तो देखा कि एक युवक का शव फेंका हुआ है। शव में हथियार से कई जगह वार किए गए थे। शव मिलने की जानकारी गांव में आग की तरह फैल गई। शव को देखने के लिए घटनास्थल पर भारी तादाद में ग्रामीण जुट गए।
बताया जा रहा है कि मृतक सत्येंद्र कुमार तीन भाइयों सबसे छोटा था। एक साल पहले उसकी शादी हुई थी। मृतक की बहन अनिता कुमारी ने बताया कि गांव में खेत की बिक्री होने वाली थी, जिसे मेरा भाई खरीदने वाला था। मेरे भाई की हत्या दुश्मनी में की गई है। बहरहाल, पुलिस हत्या का खुलासा करने में जुट गई है।