बिहार के नवादा जिले के सदर अस्पताल में गुरुवार रात एक कैंसर पीड़ित 13 साल की बच्ची गुड़िया की मौत हो गई। बच्ची के पिता ने डॉक्टरों पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है और कहा है कि अस्पताल ने इलाज के दौरान लापरवाही बरती, जिस कारण बच्ची की मौत हुई है।
गुड़िया के पिता ने कहा कि ऑक्सीजन के नाम पर जिस सिलिंडर को लगाया गया, वह खाली था। सिलिंडर और तार का कनेक्शन नहीं था उसके बावजूद ऑक्सीजन की खानापूर्ति की गई। उन्होंने कहा कि बच्ची को लगाया गया ऑक्सीजन मास्क भी बुरी तरह फटा हुआ था।
परिजनों ने आरोप लगाया कि बच्ची को सांस लेने में तकलीफ होने पर उसे सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां स्टाफ द्वारा डॉक्टरों को इस बात से अवगत कराया गया कि ऑक्सीजन सिलिंडर खाली है लेकिन इसके बाद भी उसी सिलिंडर का प्रयोग किया गया।
परिजनों ने कहा कि ऑक्सीजन की कमी से बच्ची का दम घुट गया और उसकी मौत हो गई। उन्होंने आरोप लगाया कि इस दौरान डॉक्टरों को सिलिंडर के बारे में बताने के लिए ढूंढ़ा गया लेकिन पूरा स्टाफ मौके से गायब रहा।
दूसरी तरफ सिविल सर्जन डॉ विमल कुमार ने इन आरोपों का खंडन किया है और कहा है कि लड़की लंबे समय से कैंसर पीड़ित थी। उसकी हालत काफी नाजुक थी। अस्पताल प्रशासन द्वारा उसे बचाने का हर संभव प्रयास किया गया।