भाजपा विधायकों के साथ नेता प्रतिपक्ष विजय कुमार सिन्हा।
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विधानसभा में हंगामा और प्रदर्शन के बाद सदन में भाजपा के 5 विधायकों पर चेतावनी दी की गई है। इनमें भाजपा विधायक संजय सिंह, जनक सिंह, जीवेश कुमार, प्रमोद कुमार और लखरेंद्र पासवान शामिल हैं। मामले में जनक सिंह ने जो आरोप हमलोगों पर लगाए गए हैं, वह निराधार हैं। विधानसभा अध्यक्ष चाहें तो वीडियो निकालकर पूरे मामले की जांच करवा लें। उन्होंने कहा कि सदन में कोई अगर यह साबित कर दें कि मैंने कोई अमर्यादित काम किया है तो मैं इस्तीफा दे दूंगा। अगर नहीं किया तो विधानसभा अध्यक्ष इस्तीफा दें।
पूर्व विधानसभा अध्यक्ष विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि आचरण तो उनको सुधारना चाहिए जो कि जंगलराज से गुंडाराज की ओर तब्दील कर रहे हैं। रोज लोगों की हत्याएं हो रही है। अपहरण, बलात्कार लूट हो रही है। राजद के लोग सत्ता में संलिप्त होकर बालू और दारू माफिया से गठजोड़ कर बिहार में जिस तरह का माहौल बना रहे हैं। उस पर अगर हम लोग बोलते हैं तो हम लोगों को आचरण सुधारने उपदेश दिया जाता है। वह लोग खुलकर सदन में भाजपा को गाली देते हैं। हमारे सांस्कृतिक विरासत पर हमला करते हैं तो उन पर कहा जाता है। बहुत अच्छा कौन सा आचरण सुधरे पहले यह स्पष्ट कर लें।
यह भूल गए कि जो आया है, उसको जाना है
पूर्व विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि मैं भी विधानसभा अध्यक्ष रह चुका हूं। यह भूल गए कि जो आया है, उसको जाना है। हवाबाजी में मत रहिए। सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि विधानसभा अध्यक्ष की मर्यादा का हनन करता है तो उस पर भी विचार होगा। यह भ्रम में नहीं रहिएगा कि आप मर्यादा के विपरीत कोई कार्य करेंगे तो कोई सुनवाई नहीं होगी। ऐसे मैं आसन (विस अध्यक्ष) का बहुत सम्मान करता हूं। आसन के प्रति मेरी पूरी आस्था है। आसन सदन का संरक्षक होता है। इसलिए आसन सदन के संरक्षक के रूप में दिखाई दें उन्हें निष्पक्ष रहना चाहिए।
स्पीकर महोदय को इस तरह से नहीं बोलना चाहिए
मामले में कुम्हरार से भाजपा विधायक अरुण कुमार सिन्हा ने कहा कि मेरे समझ से ऐसी कोई घटना नहीं हुई है। मैं तो 2005 से सदन में हूं। मैं यह भी देखा कि स्पीकर के कुर्सी पर चढ़कर फाइल लेकर विपक्ष लेकर फाड़ा गया। धक्कामुक्की करते भी लोगों को देखा हूं। यहां तक कि सदन में जूते भी फेंके गए। लेकिन, उस वक्त तो सदन में कार्रवाई नहीं हुई। भाजपा विधायकों को जो चेतावनी दी गई है और स्पीकर ने कहा कि निष्कासित कर दिया जाएगा। स्पीकर महोदय को इस तरह से नहीं बोलना चाहिए।
विरोध दल का इस तरह व्यवहार अनैतिक
इधर, विधानसभा अध्यक्ष अवध बिहार चौधरी ने सदन में भाजपा के हंगामा के बाद मीडिया से कहा था कि विधानसभा की कार्यवाही को विरोध दल के लोग बाधित करने में लगे रहते हैं। इसको आपलोग जरूर दिखाए। वहीं वित्त मंत्री ने कहा कि विरोध दल का इस तरह व्यवहार अनैतिक है। इनपर जरूर कार्रवाई की जाए।