बिहार सरकार में खेल विभाग मंत्री श्रेयसी सिंह ने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम अब कानून बनने जा रहा है। उन्होंने कहा कि आधी आबादी की भागीदारी भाजपा के लिए नारा नहीं बल्कि प्रतिबद्धता है। भाजपा प्रदेश कार्यालय में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम, जो 2023 में संसद में पारित हुआ, अब एक सशक्त कानून बनने जा रहा है। यह एक ऐसा राष्ट्र है जिसने हमेशा महिलाओं का सम्मान किया है।
उन्होंने कहा कि यह केवल भारतीय महिलाओं के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे भारत के लिए एक ऐतिहासिक मील का पत्थर है। महिलाओं के राजनीतिक सशक्तिकरण का मुद्दा केवल समानता या प्रतिनिधित्व तक सीमित नहीं है। इसका मूल प्रश्न यह है कि हम किस प्रकार का समाज बनाना चाहते हैं। और इसके प्रमाण स्पष्ट हैं कि जब महिलाएँ नेतृत्व करती हैं, तो सभी को लाभ होता है। मंत्री श्रेयसी सिंह ने कहा कि आज भारत में हर चुनाव में महिलाएं बड़ी संख्या में मतदान केंद्रों पर लाइन में खड़ी दिखती हैं और अपने वोट डालती हैं। हाल के चुनावों में तो कई जगह महिलाओं की संख्या पुरुषों से भी ज्यादा रही है। यह महत्वपूर्ण बदलाव दिखाता है कि अब महिलाएँ लोकतंत्र के किनारे नहीं, बल्कि उसके केंद्र में हैं।
'हमारे लोकतंत्र के भविष्य को तय करेगा'
विभिन्न उदाहरणों के जरिए कहा कि जब महिलाओं को मौका मिलता है, तो वे सिर्फ पद नहीं संभालती, बल्कि शासन को मजबूत भी बनाती हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए नारी शक्ति वंदन अधिनियम महत्वपूर्ण है। इस कानून के तहत लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33% सीटें आरक्षित की जाएंगी, जिसमें एससी और एसटी सीटें भी शामिल हैं। इससे महिलाओं की भागीदारी के साथ उनका प्रतिनिधित्व भी बढ़ेगा। श्रेयसी ने कहा कि लोकतंत्र सिर्फ वोट देने का अधिकार नहीं है, बल्कि यह भी जरूरी है कि लोग स्वयं का शासन में प्रतिनिधित्व होते हुए देखें। जब लोगों को लगता है कि उनकी आवाज सुनी जा रही है, तो लोकतंत्र और मजबूत होता है।
'विपक्ष भी इस कानून का समर्थन करे'
श्रेयसी सिंह ने कहा कि भारत ने हमेशा महिलाओं को अपनी शक्ति के रूप में देखा है। अब, नारी शक्ति वंदन अधिनियम, 2023 के माध्यम से, इस विश्वास को कानून का रूप दिया जाएगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि लोग बात बहुत करते हैं, लेकिन भाजपा के लिए भारत की आधी आबादी एक नारा नहीं, बल्कि एक सच्चाई बने, यह पीएम मोदी ने कर के दिखाया है। इसके लिए उन्होंने पीएम मोदी का आभार जताते हुए कहा कि उन्होंने न केवल देश में, बल्कि अंतरराष्ट्रीय जगत को भी दिखाया है कि किस तरह से विकास में नारी शक्ति अहम भूमिका निभा सकती है। उन्होंने कहा कि पूरे सूझबूझ के साथ इस अधिनियम को लाया गया है और अब यह कानून बनने जा रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि भाजपा और एनडीए ही नहीं, विपक्ष भी इस कानून का समर्थन करे।